संवाद न्यूज एजेंसी
बागपत। शासन ने यूपी बोर्ड की प्रयोगात्मक परीक्षा का कार्यक्रम जारी कर दिया है। 13 फरवरी से 22 फरवरी तक यूपी बोर्ड की प्रयोगात्मक परीक्षाएं होंगी। इस बार कोरोना संक्रमण के कारण विद्यालयों में शिक्षण कार्य प्रभावित रहा। जिससे प्रयोगात्मक परीक्षा और यूपी बोर्ड की परीक्षा में छात्रों को परेशानी का सामना करना पड़ सकता है।
कोरोना संक्रमण के कारण शासन ने 22 मार्च 2020 को सभी विद्यालय बंद कराकर ऑनलाइन शिक्षण शुरूकरने के निर्देश दिए थे। ऑनलाइन शिक्षण से वंचित रहने वाले छात्रों के लिए टीवी पर क्लास शुरू कराई गई थी। 19 अक्तूबर को शासन ने 9वीं से 12 तक के विद्यालयों को शर्तों के आधार पर खोलने की स्वीकृति दी थी। अब माध्यमिक शिक्षा परिषद की ओर से यूपी बोर्ड की प्रयोगात्मक परीक्षाओं का कार्यक्रम जारी कर दिया है। जिले में 13 से 22 फरवरी तक प्रयोगात्मक परीक्षाएं होंगी।
क्या कहते हैं शिक्षक
- श्री यमुना इंटर कालेज के रसायन विज्ञान के प्रवक्ता अशोक बंधु का कहना है कि 19 अक्तूबर से विद्यालयों का संचालन होने के बाद कोरोना गाइड लाइन का पालन करते हुए यूपी बोर्ड के छात्र-छात्राओं को प्रैक्टिकल कराए गए हैं। कालेज में 50-50 फीसदी छात्रों को बुलाकर रसायन विभाग के 17 प्रैक्टिकल कराएं गए हैं। कोरोना काल की वजह से परेशानी होना स्वाभाविक है।
श्री यमुना इंटर कालेज के भौतिक विज्ञान के प्रवक्ता मदन का कहना है कि कोरोना संक्रमण के दौरान शिक्षण प्रभावित रहा है। इसका असर छात्रों के शिक्षण पर भी पड़ा है। 19 अक्तूबर के बाद विद्यालय में प्रैक्टिकल कराए गए हैं।