किसानों ने कहा कि बिना कोल्ड स्टोर के उठानी पड़ती है परेशानी
अमर उजाला ब्यूरो
बागपत। जिले में आलू की फसल खुदाई के लिए तैयार है। किसानों ने तैयारियां शुरू कर दी है। लेकिन जिले में कोल्ड स्टोर नहीं होने के कारण किसान को तुरंत ही फसल बेचनी पड़ती है। अगर फसल को अच्छे भाव के इंतजार में रोकना है तो मेरठ के कोल्ड स्टोर में रखना महंगा साबित होता है।
जिले में रटौल क्षेत्र में आलू की खेती होती है। किसान फसल की खुदाई की तैयारी में जुट गए हैं। किसानों का कहना है कि लंबे समय से जिले में आलू के रख-रखाव के लिए कोल्ड स्टोर का इंतजार है, लेकिन कार्य अधूरा है। किसान साबिर का कहना है कि फसल की खुदाई की तैयारी चल रही है, लेकिन किसानों को खेत से ही फसल बेचनी होती है। इसकी वजह यह है कि कोल्ड स्टोर जिले में नहीं है। किसान फसल को अधिक समय तक नहीं रोक सकते हैं।
रटौल के किसान नूर मोहम्मद का कहना है कि कोल्ड स्टोर बनना चाहिए, जिससे किसानों को मेरठ के चक्कर नहीं लगाने पड़े और आर्थिक नुकसान होने से भी किसान बच जाए।
उद्यान विभाग ने कराई थी 35 हेक्टेयर की बुआई
बागपत। जिला उद्यान अधिकारी दिनेश अरुण का कहना है कि विभाग की ओर से 35 हेक्टेयर फसल की बुआई कराई गई थी। फसल की निगरानी की जा रही है।
जिले में 110 हेक्टेयर रकबा
बागपत। जिले में आलू का रकबा करीब 110 हेक्टेयर है। रटौल क्षेत्र में ही सबसे अधिक आलू की बुआई होती है। किसान खेत से सीधे बाजार में आलू को बेच देते हैं।