प्रधानमंत्री के मन की बात और आय दोगुनी करने जैसे सभी बातों को अब देश की जनता समझ चुकी है। किसान के पास शांति का हथियार है और वह सदा ही शांति चाहता है। लेकिन सरकार किसानों को बर्बाद करने पर तुली हुई है।
सरकार की तरफ से बार बार बयान जारी किया जाता है कि वह किसानों से बात करने को तैयार है, लेकिन बात नहीं करते है। किसान बात करने के लिए ही तो धरने पर बैठे है। सरकार साफ समझ लें किसान भी धरने से तभी लौटेंगे जब कृषि कानून वापिस, किसानों पर दर्ज मुकदमे वापिस कराए जाएंगे। इससे पहले किसान घर वापस नहीं होंगे।
पंचायत की अध्यक्षता देश खाप चौधरी सुरेंद्र सिंह और संचालन राजकुमार ने किया। ओमप्रकाश पंवार, बॉबी तोमर, ऋषिपाल, बिजेंद्र, सुदेशपाल, नरेंद्र राठी, शहीद, जहीर हसन, धर्मेंद्र राठी, अरविंद राठी, सुरेश, रामनिवास, मनोज पंवार, पवन राठी, सहेंद्र, सुरेंद्र सिंह पूर्व प्रधान, अशोक मौजूद रहे।