बागपत। छपरौली के लोगों ने दबंगों के अत्याचार से क्षुब्ध होकर पलायन की चेतावनी दी। उन्होंने एसपी कार्यालय पर प्रदर्शन कर कार्रवाई की मांग की।
उन्होंने बताया कि 28 अप्रैल को कोनी उर्फ गुलाब पुत्र राजवीर की किसी ने हत्या कर दी थी। इसमें रंजिशन मृतक के परिजनों ने विधवा जितेंद्री देवी के देवर मुन्ना उर्फ धनपाल, भतीजा शिवा और बेटा छोटू के नाम थाना छपरौली में तहरीर दे दी थी। आरोप है कि मृतक के परिवार के छह लोगों ने उसके घर में घुसकर जानलेवा हमला किया और मकान में तोड़फोड़ कर रुपये और जेवरात लूटकर ले गए थे। पुलिस हत्यारों को पकड़ने में नाकाम रही और महिला के परिवार के लोगों को हत्या के मामले में जेल भेज दिया है।
आरोप है कि मृतक के परिजन परिवार को जान से मारने की धमकी देकर और फायरिंग कर खौफ पैदा कर रहे हैं। दबंगों के डर ने महिला का परिवार दर-दर भटक रहा है। उन्होंने थाना पुलिस पर दबंगों के खिलाफ कार्रवाई न करने का आरोप लगाया है। दबंगों के खिलाफ कार्रवाई न होने पर महिला परिवार के साथ पलायन करने के लिए विवश है। उन्होंने मामले की निष्पक्ष जांच कराकर कार्रवाई की मांग की। इसमें संजय, मुन्ना, शुभम, अमरिता, राकेश, पूनम आदि मौजूद रहे।
पीड़ित पक्ष ने लगाया फैसले के दबाव का आरोप
इस मामले में पीड़ित पक्ष भी एसपी कार्यालय पहुंचा। आरोप लगाया कि उनके बेटे गुलाब की हत्या के मामले में चार में से एक आरोपी को पुलिस ने जेल भेजा है। तीन आरोपी अभी पुलिस की पकड़ से दूर हैं। वे मुकदमे में फैसले का दबाव बना रहे हैं। ऐसा करने से मना करने पर हत्या की धमकी दे रहे हैं। आरोप है कि पुलिस भी उन पर फैसले का दबाव बना रही है। पीड़ित ने एसपी से शिकायत कर आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग की। एसपी अभिषेक सिंह ने मामले की जांच कराकर कार्रवाई का आश्वासन दिया है।