बड़ौत। नगर की पट्टी चौधरान में स्थित देश खाप चौधरी के आवास पर थांबेदारों व किसानों की बैठक का आयोजन किया। चक्का जाम का फैसला वापस लेने का समर्थन किया। इसके अलावा एलान किया गांव-गांव नये कृषि कानूनों के विरोध में आंदोलन जारी रखने की अपील की।
इस बैठक की अध्यक्षता देश खाप चौधरी सुरेंद्र सिंह ने की। संचालन थांबेदार ब्रजपाल सिंह ने किया। इसमें बावली, मलकपुर, लौहड्डा, गुराना, जौनमाना, ढ़िकाना, लुहारी, किरठल, बिजरौल, छपरौली, बामनौली गांव के किसान शामिल रहे। देश खाप चौधरी सुरेंद्र सिंह ने कहा नये कृषि कानून किसान विरोधी कानून हैं। इसको लेकर अब किसान जागरूक हो गया है। जब तक गाजीपुर बॉर्डर पर आंदोलन जारी रहेगा, हमारा संघर्ष भी जारी रहेगा। उन्होंने गांव-गांव अधिक से अधिक संख्या में किसानों को इसके प्रति जागरूक करने का आह्वान किया। उन्होंने बताया किसान संघर्ष मोर्चा के आह्वान पर जाम लगाने का निर्णय वापस लिया गया है।
उधर, थांबेदार ब्रजपाल चौधरी ने कहा कि गांव-गांव हमारा संघर्ष जारी रहेगा। समय-समय पर क्षेत्र के किसान सिंघु बॉर्डर व गॉजीपुर बॉर्डर पर चल रहे आंदोलन में शामिल किसानों के लिए खाद्य सामग्री लेकर जाता रहेगा। सभासद गुड्डू, संजीव तोमर, चंदपाल, अमित बेगमाबाद गढ़ी, दरियाव सिंह बड़ौली आदि शामिल रहे।
सिंघु बॉर्डर पर गरजे रालोदी
बड़ौत। राष्ट्रीय लोकदल के नेता विश्वास चौधरी शुक्रवार को किसान आंदोलन में सिंघु बॉर्डर पर काफी संख्या में रालोद कार्यकर्ताओं के साथ पहुंचे और आंदोलन को समर्थन दिया। विश्वास चौधरी ने कहा केंद्र सरकार किसानों के साथ जो व्यवहार जो तौर तरीका अपना रही है। वह ठीक नहीं है। केंद्र सरकार उन दिनों को याद करें, जब इन भोले-भाले किसानों में, उन्हें अन्नदाता दिखाई देते थे, जब इन भोले-भाले किसानों में उन्हें अपने वोट दिखाई देते थे।