इसके बाद सादिक वहां से भाग गया और तमंचा पास ही नाले में फेंककर खुद ही कोतवाली में पहुंच गया। जहां उसने हत्या की घटना के बारे में बताया तो पुलिस उसे तुरंत साथ लेकर घटनास्थल पर पहुंची। जहां से शव को परिजन करीब दो सौ मीटर दूर अपने घर लेकर चले गए थे। पुलिस ने शव को कब्जे में लेने के साथ ही आरोपी सादिक के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया।
उसने पुलिस को बताया कि उसकी बहन रीना का निकाह दो साल पहले लोनी के आजाद के साथ हुआ था। ससुराल में विवाद होने के कारण निकाह के एक साल बाद ही वह मायके आकर रहने लगी। जबकि वह उसे ससुराल जाकर रहने की बात कहता था और इसको लेकर झगड़ा भी होता था। पुलिस के अनुसार उसने बताया कि रीना फोन पर बात करती थी, जिससे वह उसके चरित्र पर शक भी करता था। इसलिए ही उसने हत्या कर दी।
एसपी अर्पित विजयवर्गीय ने बताया कि भाई ने बहन की हत्या की है, जिसे गिरफ्तार कर लिया गया है।
चोरी के मामले में हरियाणा के करनाल जेल में बंद था सादिक
रीना के पिता हारून ने बताया कि सादिक चोरी के मुकदमे में हरियाणा की करनाल जेल में पिछले पांच महीने से बंद था। वह दो दिन पहले ही जमानत पर बाहर आया। पुलिस ने उसकी निशानदेही पर तमंचा बरामद कर लिया है।