ग्लोबल पब्लिक स्कूल के मालिक प्रदीप चौहान की पत्नी वंदना चौहान ने शुक्रवार सुबह 10 बजे आत्मदाह कर लिया। बृहस्पतिवार की रात देवर ने बच्चे को दूध न पिलाने पर उसे डांट दया था
यही बात उसके दिल को ऐसी चुभी कि खुद को आग लगाकर जिंदगी की डोर तोड़ ली। मेरठ से पहुंचे मायकेवालों ने पुलिस कार्रवाई नहीं की।
वंदना चौहान (28) की प्रदीप से शादी पांच साल पहले ही हुई थी। प्रदीप चौहान ने पुलिस को बताया कि बृहस्पतिर की रात उनका छह महीने का बेटा अंश रो रहा था। उनके भाई कुलदीप ने वंदना से जोर से कह दिया कि इसे दूध क्यों नहीं पिलाया? यही बात उसके दिल को चुभ गई। उन्होंने कुलदीप से कहकर माफी मंगवा दी थी।
सुबह उठकर उसने बच्चों को तैयार किया। फिर उन्हें और कुलदीप को लंच बनाकर दिया। घर में वंदना, उसकी ननद रैना, देवरानी मिथलेश और अंश ही थे।
वंदना दस बजे चुपचाप दूसरी मंजिल पर गई। खुद को स्टोर में बंद किया। मिट्टी का तेल छिड़का और आग लगा ली। परिवार के लोगों को इसका पता तब चला जब अंदर से धुआं शीशे तोड़ता हुआ धमाके के साथ बाहर निकला।
उसे बचाने के लिए भरसक प्रयास किए गए, लेकिन उसकी मौके पर ही मृत्यु हो गई। कोतवाली प्रभारी मुनिंद्र सिंह ने बताया कि महिला का शव पोस्टमार्टम को भेजा गया है।
सूचना पर मेरठ के मोहकमपुर से पहुंचे वंदना के परिवार ने कार्रवाई करने से मना कर दिया।