राज्यमंत्री केपी मलिक के पत्र लिखने पर भी सुनवाई नहीं
बड़ौत में खेल स्टेडियम पर ढाई साल से ताला लटका होने के कारण राज्यमंत्री केपी मलिक ने एक पत्र खेल मंत्री को 28 मई 2022 को लिखा था। स्टेडियम की हालत खराब होने व कोच नहीं होने समेत अन्य समस्याओं के बारे में बताया गया था। इसके बाद खेल निदेशक को 27 जून को पत्र लिखा था और उनको भी यह समस्याएं बताते हुए स्टेडियम शुरू कराने की मांग की गई थी। इसके बावजूद अभी तक कोई सुनवाई नहीं हुई है।
खिलाड़ियों की छूट गई प्रैक्टिस
बड़ौत के सूरज का कहना है कि वह पहले कुश्ती का अभ्यास करता था, लेकिन जब से स्टेडियम पर ताला लगा है, तब से अभ्यास बंद हो गया है। फतेहपुर पुट्ठी के पहलवान आदित्य का कहना है कि अभ्यास बंद है। कई बार खिलाड़ियों ने तहसील से लेकर जिला स्तर तक शिकायत की, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हो रही है।
इस स्टेडियम में भाजपा सरकार ने कोई ईंट नहीं लगवाई थी, क्योंकि उसे सपा सरकार में बनवाया था। भाजपा सरकार में केवल उद्घाटन किया गया था और उसके बाद बाबा शाहमल के नाम पर बने इस स्टेडियम को नहीं चला सके। अब स्टेडियम शुरू करने के लिए मंत्री तक की बात नहीं सुनी जा रही है, इसका अब सोशल मीडिया से पता चला है। स्टेडियम को जल्द शुरू किया जाना चाहिए। - शौकेंद्र तोमर, अर्जुन अवार्डी और सपा नेता
स्टेडियम को लेकर पत्र लिखे थे और स्टेडियम जल्द शुरू करने के लिए कहा भी गया था। इसको जल्द ही शुरू कर दिया जाएगा, जिससे खिलाड़ियों को कोई परेशानी नहीं हो। - केपी मलिक, वन एवं पर्यावरण राज्यमंत्री
स्टेडियम को शुरू कराने के लिए प्रक्रिया हो रही है और कोच भी मिल गए हैं। स्टेडियम को जल्द शुरू कराया जाएगा। जिससे वहां खिलाड़ी जल्द ही दोबारा प्रैक्टिस शुरू कर सकेंगे। - सरिता रानी, जिला क्रीड़ा अधिकारी