- रालोद 26 को बड़ौत में करेगा विरोध प्रदर्शन
संवाद न्यूज एजेंसी
बागपत। राष्ट्रीय लोकदल व पूर्व सिंचाई मंत्री मेहराजूद्दीन ने मंगलवार को तीन अध्यादेशों के विरोध में राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन डीएम को सौंपा। अध्यादेश के विरोध में रालोद 26 सितंबर को तहसील पर धरना-प्रदर्शन कर विरोध करेगा।
कहना था कि सरकार के तीनों अध्यादेश किसान विरोधी है। लोकसभा व राज्यसभा में बहस किए बगैर आनन-फानन में यह अध्यादेश पास कर दिया है। सरकार पूंजीपतियों को फायदा पहुंचाना चाहती है। देश की जीडीपी 24 फीसदी घट गई है। रालोद सरकार के कृषि अध्यादेशों का विरोध करता है। इसके अलावा उन्होंने रटौल से बंदरों को पकड़वाने तथा गांव के तालाबों को कब्जामुक्त कराने की मांग की। रालोद नेता सतीश चौधरी ने कहा कि प्रदेश सरकार किसानों के गन्ने का भुगतान नहीं करा पाई है। गन्ना मिलों पर किसानों का 600 करोड़ रुपये बकाया है। रालोद जिलाध्यक्ष सुखबीर सिंह गठीना ने कहा कि अध्यादेश के विरोध में 26 सितंबर को बड़ौत तहसील में धरना-प्रदर्शन कर विरोध किया जाएगा। इस मौके पर बाबर चौहान, बाबू अब्बासी, विजयपाल सिंह, राममेहर सिंह, डॉ ओमबीर ढाका, भंवर सिंह, राजेश सहित काफी संख्या में रालोद कार्यकर्ता मौजूद रहे।
जर्जर मार्ग की मरम्मत कराने की मांग
बागपत। रालोद नेता सतीश चौधरी ने पीडब्लूडी के अधिशासी अभियंता को दिए ज्ञापन में बताया कि नैथला, निनाना-खेडा-हटाना-खामपुर मार्ग में जगह-जगह गड्ढे हो गए है। इससे मार्ग पर सेना की तैयारी करने वाले युवाओं एवं आवागमन के दौरान लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ता है। उन्होंने मार्ग की मरम्मत कराने की मांग की है।