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युवक को कुल्हाड़ी से काटा डाला

Sat, 02 Jul 2016 12:52 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, बागपत
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बड़ौत सीएचसी पर बिलखती हुई टीकरी के शाहरूख की मां। - फोटो : amar ujala
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बागपत के टीकरी कस्बे में सरकारी हैंडपंप पर पानी भरने को लेकर शुक्रवार सुबह दो पक्षों में हुए संघर्ष में बीच बचाव में आए युवक पर चाकू और कुल्हाड़ी से हमला कर दिया। इससे उसकी मौत हो गई। झगड़े में दो महिलाएं भी घायल हुई है। घटना से कस्बे में तनाव की स्थिति बनी हुई है।
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टीकरी कस्बा निवासी इकरामू और शमशाद पक्ष के बच्चों में बृहस्पतिवार शाम सरकारी हैंडपंप पर पानी भरने को लेकर विवाद हो गया था। दोनों पक्षों में मारपीट हो गई थी। उन्होंने दोघट थाने में पहुंचकर एक-दूसरे के खिलाफ कार्रवाई की मांग की थी। पुलिस ने उनके बीच समझौता करा दिया था। शुक्रवार सुबह करीब नौ बजे दोनों पक्ष दोबारा आमने-सामने आ गए। उनके बीच संघर्ष हो गया।
  पड़ोस के युवक शाहरूख ने बीच-बचाव का प्रयास किया। इसी दौरान एक पक्ष के लोगों ने कुल्हाड़ी और चाकू से शाहरूख पर हमला कर दिया। वह गंभीर रूप से घायल हो गया। इसमें फरमीना, रेशमा और सारिका भी घायल हो गई। इससे वहां पर हड़कंप मच गया। मौके पर आए लोग घायल शाहरूख को लेकर थाने में शिकायत करने पहुंचे। वहां से उसे बड़ौत सीएचसी ले जाया गया।
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  जहां पर चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। घटना से कस्बे में तनाव की स्थिति उत्पन्न हो गई। पुलिस अफसरों ने मौके पर पहुंचकर घटनास्थल का निरीक्षण किया। सुरक्षा की दृष्टि से कस्बे में पुलिस बल तैनात किया गया है। एएसपी अजीजुल हक का कहना है कि दोघट की घटना गंभीर है। हमलावरों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। 
मां-बाप का रोते-रोते बुरा हाल
बड़ौत। सीएचसी पर शाहरूख की मौत के बाद उसकी मां मोमीना, पिता महमूद का रोते हुए बुरा हाल था। मां बार-बार बेहोश हो रही थी। उसका भी अस्पताल में इलाज कराया गया।
उपचार के अभाव में गई शाहरूख की जान
बड़ौत। लोगों का कहना है कि शाहरूख करीब दो घंटे तक दोघट थाने पर तड़पता रहा। पुलिस ने काफी देर बाद एक होमगार्ड को घायल शाहरूख को बड़ौत अस्पताल ले जाने के लिए भेजा। जब तक वह अस्पताल पहुंचा उसकी मौत हो चुकी थी। लोगों का कहना है कि यदि पुलिस घायल को तुरंत वाहन उपलब्ध कराकर बड़ौत अस्पताल भेज देती तो उसकी जान बच सकती थी। 

पुलिस की लापरवाही से हुआ टीकरी में बवाल 
बागपत। लोगों का कहना है कि झगड़े की शिकायत गुरुवार रात ही दोघट थाना पुलिस के पास पहुंच गई थी। घटना को लेकर कस्बे में तनाव की स्थिति बनी हुई थी। उसके बाद भी पुलिस ने मामले को गंभीरता से नहीं लिया। दोनो पक्षों के बीच थाने में ही समझौता करा दिया। नतीजा यह हुआ कि शुक्रवार सुबह कस्बे में बवाल हो गया और एक युवक की जान चली गई। लोगों का कहना है कि पुलिस जरा भी इस मामलेे को गंभीरता से लेती तो यह घटना न होती।

पुलिस की लापरवाही पर फूटा गुस्सा
बागपत। टीकरी में मामूली विवाद पर गई युवक की जान पर लोगों का गुस्सा फूट पड़ा। पोस्टमार्टम हाउस से शव घर पर पहुंचने के बाद परिजनों ने उसका सुपुर्द-ए-खाक करने से इंकार कर दिया। उन्होंने कहा कि जब तक मौके पर डीएम और एसपी नहीं आएगी और आरोपी पुलिस वालों के खिलाफ कार्रवाई नहीं होगी तब तक वे शव को सुपुर्द-ए-खाक नहीं करेंगे। रात नौ बजे तक हंगामा चलता रहा। बड़ौत सीओ सीपी सिंह ने आरोपियों की गिरफ्तारी और लापरवाही बरतने वाले पुलिसकर्मियोें के खिलाफ कार्रवाई का आश्वासन दिया। उसके बाद शव को सुपुर्दे-ए-खाक की तैयारी शुरू हुई।

पांच के खिलाफ रिपोर्ट, एक गिरफ्तार 
मृतकके परिजनों की ओर से अल्लामेहर, बेटा अमजद, रोजू, अल्लामेहर की पत्नी मीला और रूखसाना पत्नी शौकीन के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज हुई है। पुलिस ने देर रात अल्लामेहर को गिरफ्तार कर लिया था।  
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