दोघट (बागपत)। क्षेत्र के गांव मांगरौली के जंगल में सोमवार सुबह नीलगाय के बच्चे का शिकार करके ले जाते तेंदुए को देख भयभीत किसान काम बीच में छोड़ गांव की तरफ भाग खड़े हुए। वहीं, मौके पर पहुंचे वनकर्मी उसकी तलाश में जुटे रहे।
मांगरौली गांव के जंगल में सुबह में किसान खेतों में कार्य कर रहे थे। इसी दौरान एक तेंदुआ नीलगाय के बच्चे को जबड़े में दबाए उनके बहुत करीब से निकला। जिस पर जाकिर उर्फ पप्पू, सलीम, मुंतियाज आदि किसानों के पैरों तले जमीन खिसक गई। भयभीत किसान काम बीच में ही छोड़ गांव की तरफ भाग निकले। उन्होंने इसकी जानकारी वन विभाग के अधिकारियों को दी। किसानों ने वन कर्मचारियों को तेंदुए के पंजे के निशान भी दिखाए।
वहीं, वन क्षेत्राधिकारी बड़ौत राजपाल सिंह ने बताया कि मौके पर वनकर्मी संजीव कुमार को भेजा है। जानकारी मिलने पर ठोस कदम उठाया जाएगा। फिलहाल किसानों को सतर्कता बरतने की सलाह दी गई है। वे खेतों में अकेले बिल्कुल न जाएं। इतना ही नहीं फिर से जंगली जानवर दिखाई देने पर उसकी जानकारी तुरंत अधिकारियों को दें। उसे पकड़ने का प्रयास किया जाएगा।
इदरीशपुर के जंगल में दिखाई दिया था
बीती 26 अप्रैल को इदरीशपुर के जंगल में तेंदुआ देखा गया था। वह ईख के खेत में छिपा बैठा था। किसान काम करने के लिए खेत में पहुंचे तो तेंदुआ उन्हें देखकर गुर्राया। जिस पर किसान भाग खड़े हुए थे। इसकी जानकारी पाकर वन विभाग की टीम ने तेंदुए को काफी तलाश किया था परंतु सफलता नहीं मिली थी। इससे पहले भी मांगरौली क्षेत्र में कई बार किसानों को तेंदुआ दिखाई दे चुका है।