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Baghpat News: हिंडन नदी का बढ़ा जलस्तर, 700 बीघा फसल जलमग्न

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- सरफाबाद, मुकारी के खेतों में पानी भरने से धान, लोकी, टमाटर, ज्वार, मिर्च, धनिया की फसल खराब हुई
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फोटो-12 की सीरीज
संवाद न्यूज एजेंसी
रटौल। हिंडन नदी का जलस्तर बढ़ने से सरफाबाद और मुकारी गांव के खेतों में पानी घुस गया है। इससे किसानों की करीब 700 बीघा फसल जलमग्न हो गई है, जिससे उन्हें नुकसान हुआ है। किसानों ने प्रशासन से जल्द मुआवजा दिलाने की मांग की है।
सरफाबाद गांव में हिंडन नदी का जलस्तर लगातार बढ़ रहा है, जो किसानों के लिए परेशानी का सबब बन रहा है। किसानों के खेतों में पानी घुसने से 400 बीघा ईंख, धान, ज्वार, गेंदा और विभिन्न सब्जियों की फसलें डूब गई हैं। रियाज ने बताया कि उनकी 10 बीघा लोकी, तोरई व भिंडी की फसल नष्ट हो गई। भोपाल सिंह की 50 बीघा ज्वार और धान, अनुज की 15 बीघा धान भी बर्बाद हुई है। कलवा, फकीरा, इखलाख, रामकुमार और जाकिर सहित कई अन्य किसानों की फसलें भी जलमग्न हुई हैं। फसल जलमग्न होने से किसानों की चिंता बढ़ गई है।
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आबिद, वसीम, सोनू, कन्हैया, विद्याराम, भोपाल, जयवीर, सुरेश, निर्मल, ऋषि प्रधान और चतर सिंह जैसे कई किसानों की फसलें प्रभावित हुई हैं। इनमें बाजरा, धान, ईंख और ज्वार की फसलें शामिल हैं। किसानों को अपनी आजीविका पर संकट का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने प्रशासन से तत्काल सहायता की अपील की है।


300 बीघा फसल में पानी भरने से किसान परेशान
बालैनी। हिंडन नदी का जलस्तर बढ़ने से आठ गांवों में 300 बीघा फसल जलमग्न हो गई है। किसानों ने सरकार से मुआवजे की मांग की है।
मवीकलां, मवीखुर्द, पुरा महादेव, हरियाखेड़ा, बालैनी, डौलचा, घटोली और मुकारी गांव के खेत प्रभावित हुए हैं। मुकारी के किसानों ने बताया कि फसल नष्ट होने से उनकी आर्थिक स्थिति खराब हो रही है। कपिल की 46 बीघा (धान और ईंख) और सूरजबली की 25 बीघा ईंख डूब गई। गजराज की 40 बीघा धान और मीनू शर्मा की 56 बीघा (धान व ईंख) फसल भी जलमग्न हुई। कृष्णपाल की 25 बीघा ईंख और सलमान की 60 बीघा ईंख भी पानी में डूब गई। राजकुमार, दयानंद, किशोरी और मांगे की धान, ईंख व ज्वार की फसलें भी प्रभावित हुई हैं। किसानों ने जल्द आर्थिक सहायता की अपील की है।


-50 बीघा जमीन दो लाख रुपये में ठेके पर ली थी। खेत में ज्वार व धान की फसल की बुआई की थी, लेकिन अब हिंडन नदी का जलस्तर बढ़ने के कारण फसल नष्ट हो गई। इससे किसानों पर कर्ज हो गया। -भोपाल सिंह, सरफाबाद
-10 बीघा जमीन एक लाख रुपये के कर्ज पर ली थी। खेत में पानी भरने से लोकी, तोरई व भिंडी की फसल नष्ट हो गई, जिससे परिवार की आर्थिक स्थित बिगड़ रही है और कर्ज हो गया। -रियाज, सरफाबाद
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वर्जन

-हिंडन का जलस्तर जल्द ही कम होने की उम्मीद है। राजस्व विभाग के साथ खेतों का सर्वे कर नुकसान को देखा जाएगा ताकि किसानों की आर्थिक मदद हो सके। -रजनीश कुमार, अधिशासी अभियंता, सिंचाई विभाग
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