बागपत। केंद्र सरकार के दूसरे कार्यकाल का एक साल पूरा हो गया है। कई योजनाओं ने जिले में रफ्तार पकड़ी, जबकि कई योजनाएं लॉकडाउन के कारण धीमा पड़ती नजर आई। दिल्ली-सहारनपुर हाईवे के निर्माण की रफ्तार लॉकडाउन में फंस गई, जिस कारण अभी तक कार्य अधूरा पड़ा है।
लॉकडाउन में फंसा महिला शक्ति केंद्र
बागपत। केंद्र सरकार ने प्रत्येक जिला मुख्यालय और ब्लॉक मुख्यालय पर महिला शक्ति केंद्र बनाने का प्रावधान किया था। उद्देश्य था केंद्र और प्रदेश सरकार की महिलाओं के लिए चलाई जा रही योजनाओं की जानकारी आधी आबादी तक पहुंचाना। मार्च महीने में जिला मुख्यालय के लिए स्टाफ की नियुक्ति हो गई, लेकिन इसके बाद लॉकडाउन लग जाने के कारण अभी तक कार्य शुरू नहीं हो सका है।
भूमि चिह्नित, नहीं बना वन स्टॉप सेंटर
बागपत। वन स्टॉप सेंटर के लिए जिले में भूमि चिह्नित कर ली गई है। भवन निर्माण के लिए 24 लाख रुपये का बजट आवंटित हुआ। जिला समाज कल्याण अधिकारी विमल ढाका ने बताया कि लॉकडाउन के कारण अभी तक निर्माण की प्रक्रिया आगे नहीं बढ़ सकी है। जल्द ही यह योजना क्रियान्वित होगी।
बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ की अलख
बागपत। बेटी बचाओ और बेटी पढ़ाओ अभियान के लिए जनवरी और फरवरी माह में नारी चौपाल, बेटी जन्मोत्सव और बालिका सुरक्षा अभियान चलाया गया। लोगों को बालिका शिक्षा के प्रति जागरूक किया गया। सीडीओ पीसी जायसवाल का कहना है कि कोरोना संक्रमण की वजह से यह अभियान प्रभावित हुआ है, लेकिन स्वास्थ्य कर्मचारी, आशा और आंगनबाड़ी के जरिए फिर ये यह मुहिम शुरू होगी।
यहां हुई सौगात की बरसात
बागपत। कोरोना संक्रमण के बीच भी केंद्र सरकार की कई योजनाओं की सौगात की बरसात हुई है। इनमें प्रधानमंत्री जनधन योजना शामिल है। कोरोना काल में जिले की एक लाख 16 हजार महिलाओं को योजना का लाभ मिला। उज्जवला गैस योजना का लाभ 48 हजार महिलाओं को अब तक मिल चुका है। जिससे महिलाओं को लाभ हुआ है।
किसानों को उम्मीद तो मिली
बागपत। प्रधानमंत्री सम्मान निधि के तहत जिले के एक लाख किसानों को अब तक योजना की पहली किश्त का लाभ मिल चुका है। इससे किसानों को कोरोना संक्रमण काल में राहत मिली है। अटल पेंशन योजना, स्वच्छता भारत मिशन समेत अन्य योजनाएं ऐसी हैं, जिनसे लोगों को लाभ हुआ है।
बरसात से पहले हाईवे निर्माण की उम्मीद
बागपत। दिल्ली-सहारनपुर हाईवे के पहले चरण का निर्माण मवी कलां से ककड़ीपुर बॉर्डर तक होना था। कोरोना के कारण पहले निर्माण रोक दिया गया था, लेकिन अब दोबारा शुरू हो गया है। बरसात के सीजन से पहले प्रथम चरण का निर्माण पूरा होने की उम्मीद है। एसडीएम रामनयन सिंह का कहना है कि एनएचएआई के अधिकारियों से बातचीत की गई है, निर्माण में तेजी लाने के लिए कहा गया है।
किसने क्या कहा
- भाजपा जिलाध्यक्ष सूरजपाल गुर्जर का कहना है कि केंद्र सरकार ने एक साल में एतिहासिक कार्य किए हैं। यही वजह है कि लोगों का सरकार पर कोरोना काल मेें भरोसा और अधिक बढ़ गया है।
- सपा जिलाध्यक्ष बिल्लू चौधरी का कहना है कि सरकार कोरोना में श्रमिकों के मुद्दे पर फेल हुई है। किसान के लिए कोई योजना नहीं है। अब तक भी केंद्र और प्रदेश सरकार दावे के बावजूद भुगतान नहीं दिला सकी है।