बड़ौत (बागपत)। निर्भया कांड के गुनाहगारों की दया खाचिका राष्ट्रपति द्वारा खारिज करने पर महिलाओं ने खुशी जताई है। महिलाओं का कहना था कि उन्हें न्याय व्यवस्था पर पूरा भरोसा है, लेकिन तारीख पर तारीख देना ठीक नहीं है।
गृहिणी निकिता राणा का कहना है कि भारतीय न्याय व्यवस्था पर मुझे पूरा भरोसा है। सबको अपनी बात कहने का और न्याय प्राप्त करने का अधिकार है। दोषियों को जल्दफांसी देकर न्याय पालिका अपनी विश्वसनीयता को स्थापित करेगी। उन्होंने आरोपियों की दया खाचिका खारिज होने पर खुशी जताई। रेखा चौधरी का कहना है कि अब सब्र का बांध टूट रहा है। निर्भया कांड के समस्त दोषियों को जितनी जल्द हो सके फांसी दे दी जाएं। ज्योत्सना सिंह का कहना है कि ऐसे में अपराधियों का मनोबल बढ़ रहा है। त्वरित न्याय व्यवस्था होनी चाहिए। न्याय मेें देरी होने से आम जनता हतोत्साहित होती है, विशेषकर नारी समाज। गृहिणी सपना अहलावत का कहना है कि निर्भया कांड के दोषियों दया खाचिका राष्ट्रपति द्वारा खारिज किए जाने पर खुशी जताई। जल्द से जल्द उन्हें फांसी पर लटकाने की मांग की।