बागपत। अपर जिला एवं सत्र न्यायालय एफटीसी द्वितीय नीलू मैनवाल ने बृहस्पतिवार को टीकरी में जानलेवा हमले में अंकित, उसके पिता नरेंद्र, ताऊ इंद्रपाल और तहेरे भाई मोहित उर्फ काला को तीन-तीन साल की सजा सुनाई। चारों पर चार-चार हजार रुपये अर्थदंड लगाया, जिसे अदा नहीं करने पर तीन माह की सजा बढ़ाई जाएगी।
टीकरी की पट्टी धीमाना निवासी श्रीपाल ने 12 फरवरी 2014 को दोघट थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया कि दोपहर में अपने घर में बैठे हुए थे, तभी पड़ोसी अंकित ने अपने पिता नरेंद्र, ताऊ इंद्रपाल और तहेरे भाई मोहित उर्फ काला के साथ मिलकर लाठी-डंडों और बल्लम से घर में घुसकर हमला कर दिया। घायल होने पर उसने शोर मचाया तो गांव के लोगों ने वहां आकर जान बचाई।
पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज करने के बाद चारों आरोपियों के खिलाफ न्यायालय में आरोप पत्र दाखिल कर दिया। इसकी सुनवाई अपर जिला एवं सत्र न्यायालय एफटीसी द्वितीय में चल रही थी, जिसमें अभियोजन पक्ष ने आठ गवाह पेश किए। न्यायाधीश नीलू मैनवाल ने अंकित, नरेंद्र, इंद्रपाल और मोहित उर्फ काला पर दोष सिद्ध कर दिया और सजा पर सुनवाई के लिए बृहस्पतिवार का दिन नियत किया। बृहस्पतिवार को न्यायाधीश नीलू मैनवाल ने चारों को तीन-तीन साल की सजा सुनाई।