महंगाई पर प्रदर्शन करने पहुंचे कांग्रेसी आपस में भिड़े, बने तमाशा
बागपत। रसोई गैस की बढ़ी कीमतों के विरोध में सरकार के खिलाफ प्रदर्शन करने पहुंचे कांग्रेसी आपस में ही उलझ गए। नौबत धक्की-मुक्की तक पहुंच गई। जिलाध्यक्ष यूनुस खान ने बड़ी मुश्किल से बीच-बचाव कर मामला शांत कराया। इस दौरान कांग्रेसी खुद ही तमाशा बन गए।
केंद्र सरकार ने गैस सिलिंडर की कीमतें बढ़ाई हैं। बृहस्पतिवार को इसके खिलाफ महिला जिला कांग्रेस कमेटी के पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता कलेक्ट्रेट पहुंचे। दिखावे की होड़ में प्रदर्शनकारी आपस में उलझ गए। महिला जिला कांग्रेस कमेटी की जिलाध्यक्ष कुमारी राकेश सौदाई और प्रदेश सचिव शहनाज चौधरी के बीच एक-दूसरे से अधिक कार्यकर्ता लाने को लेकर कहासुनी शुरू हो गई। बात इतनी बढ़ी की पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं के बीच धक्का-मुक्की और गालीगलौज होने लगी। जिलाध्यक्ष यूनुस खान ने किसी तरह दोनों पक्षों को समझाकर मामला शांत कराया। इसके बाद डीएम शकुंतला गौतम के नाम लिखित ज्ञापन एडीएम अमित कुमार सिंह को सौंपा गया। प्रदर्शन करने वालों में नाजमा, साजिदा, जुबैदा, प्रियंका, मुन्नी बेगम, जायदा, शहनाज, बबीता सैनी, रहीसा, नाहिमा खान, सविता, सुषमा, शिवानी, अंजलि, वसीयन, रिहाना, नसीम, कोमल, प्रिया कश्यप, नफीसा, ब्रजेश, पूजा आदि मौजूद रहीं।
क्या था प्रकरण
प्रदेश सचिव शहनाज चौधरी का कहना था कि महिला कमेटी की जिलाध्यक्ष राकेश सौदाई उनकी ओर से लाई गई कार्यकर्ताओं के नाम अपने लेटर पैड पर लिखकर हाईकमान को भेज देती हैं। बृहस्पतिवार को भी वह अपनी गाड़ी में लगभग 20 महिलाओं को लेकर कलेक्ट्रेट पहुंचीं। जिलाध्यक्ष ने उनकी लाई गईं कार्यकर्ताओं के नाम अपने लेटर पैड पर लिखकर हाईकमान को भेज दिए। जिलाध्यक्ष अपने अधिकारों का दुरुपयोग कर रही हैं। जबकि जिलाध्यक्ष राकेश सौदाई का कहना था कि आरोप बेबुनियाद हैं। जो भी कार्यकर्ता पहुंचते हैं, सभी का नाम लिखा जाता है। सबसे एक होकर कार्य करने का आह्वान किया गया है। जो भी प्रकरण था, उसका निपटारा कर दिया है। वहीं, जिलाध्यक्ष यूनुस खान का कहना है कि दोनों पक्षों के बीच विवाद समाप्त हो गया है।
धमकी देने का आरोप लगाया
प्रदेश सचिव शहनाज चौधरी ने महिला कमेटी की जिलाध्यक्ष राकेश सौदाई पर धमकी देने का भी आरोप लगाया। उन्होंने कलेक्ट्रेट में चिल्लाकर कहा कि वह धमकी दे रही हैं।
आए थे प्रदर्शन करने, खुद की फजीहत करा गए
सिलिंडर के दामों का लेकर केंद्र की भाजपा सरकार को घेरने आए कांग्रेसी खुद की ही फजीहत करा बैठे। कलेक्ट्रेट में मौजूद लोग चटकारे लेकर यह तमाशा देखते रहे। कई लोगों ने कहा कि प्रदेश में कांग्रेस के गर्त में जाने का यही कारण है।