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गाजीपुर बॉर्डर पर किसानों ने झोंक दी ताकत

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बागपत। जिलेभर से किसानों के गाजीपुर बॉर्डर पर रवाना होने का सिलसिला जारी रहा। किसानों ने कहा कि सरकार मनमानी पर उतारू हो गई है। सरकार किसानों को डराना चाहती है, लेकिन किसान किसी भी कीमत पर डरने वाले नहीं है।
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किशनपुर बराल गांव निवासी विनीत तोमर, शुभम तोमर, नरेश डायरेक्टर, मा. अनिरुद्ध तोमर, मा. सोमपाल सिंह, रविंद्र कुमार, संजीव कुमार ऋषिपाल सिंह, ब्रजपाल सिंह दरोगा गाजीपुर के लिए रवाना हो गए। राष्ट्रवंदना चौक पर शहीदों को माल्यार्पण किया। उन्होंने कहा कि किसान पीछे नहीं हटेंगे। हक की लड़ाई जारी रहेगी। किसान झुकने और डरने वाले नहीं है। सरकार को चाहिए कि कृषि कानूनों को वापस लेने का काम करें। सरूरपुर कलां गांव से किसान गाजीपुर बॉर्डर के लिए रवाना हुए। दोघट के किसानों ने कहा कि अन्याय को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। किसान एकजुट हैं और अपने हकों के लिए संघर्ष जारी रहेगा।
किसानों की सुनवाई करें सरकार
अग्रवाल मंडी टटीरी। समाजवादी शिक्षक सभा की राष्ट्रीय कार्यकारिणी के सदस्य त्रिलोक सिंह यादव ने कहा कि किसान पिछले दो माह से अधिक समय से किसान बिल रद्द कराने की मांग को लेकर दिल्ली बॉर्डर पर आंदोलित है। दूसरे देशों में किसानों की आवाज पहुंच रही है, लेकिन देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी चुप है। प्रजातंत्र में सभी को अपनी आवाज उठाने का हक है। केंद्र सरकार के समक्ष मांग रखी कि किसानों की मांगों को मानकर उन्हें सम्मान सहित वापस घर भेजना चाहिए।
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