सांकरौद यमुना खादर मे किसानो के साथ धरने पर बैठे भाकियू कार्यकर्ता
- फोटो : KAHKRA
सांकरौद के यमुना खादर में रेत खनन ठेकेदार के खिलाफ किसानों का धरना जारी
चेतावनी दी कि ठेकेदार को रेत खनन नहीं करने दिया जाएगा
संवाद न्यूज एजेंसी
खेकड़ा। सांकरौद गांव के यमुना खादर में रेत खनन ठेकेदार के खिलाफ चल रहे किसानों के धरने को भारतीय किसान यूनियन का साथ मिल गया है। यूनियन नेताओं ने चेतावनी दी कि ठेकेदार को रेत खनन नहीं करने दिया जाएगा। उसका पट्टा शासन को निरस्त करना पडे़गा। दिल्ली के आंदोलन की तर्ज पर पट्टा निरस्त कराने को लेकर आर पार की लड़ाई लडे़ंगे।
सांकरौद गांव के किसान रेत खनन ठेकेदार के खिलाफ यमुना खादर में छह दिन से धरने पर बैठे है। बृहस्पतिवार को भारतीय किसान यूनियन के नेता विनोद कुमार के साथ कई कार्यकर्ताधरना स्थल पहुंचे। समर्थन देने की घोषणा करते हुए धरने में शामिल हो गए। कहा कि सांकरौद गांव के किसान वाजिब मांग को लेकर धरना दे रहे है। रेत खनन ठेकेदार उनके खेतों के पास से अवैध रेत खनन करना चाहता है। रेत लदे वाहनों को किसानों के निजी रास्ते से निकालना चाहता है। पोकलेन मशीनें भी मंगा ली है। पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों को ठेकेदार की तानाशाही से अवगत कराया जा चुका है। अब सांकरौद गांव के किसानों की इस लड़ाई को भाकियू लडे़गी। दिल्ली के आंदोलन की तर्ज पर धरने में गति लाई जाएगी। धरने में रविंद्र धामा, प्रमोद कुमार, देवेंद्र धामा, प्रवीण धामा, धर्मेंद्र कुमार, पप्पू, संजीव, रणसिंह, मुकेेश आदि किसान शामिल रहे।