बड़ौत। तहसील में मलकपुर चीनी मिल से गन्ना भुगतान और मिल क्षेत्र के गन्ने का इंतजाम कराने की मांग को लेकर चल रहा अनिश्चितकालीन धरना मंगलवार को दूसरे दिन भी जारी रहा। इस दौरान वक्ताओं ने मलकपुर चीनी मिल मालिक और शासन प्रशासन के खिलाफ आक्रोश जताया।
तहसील में गन्ना मूल्य भुगतान और खेतों में खड़ी गन्ने की फसल का इंतजाम करने की मांग को लेकर चल रहे धरने में दूसरे दिन भी किसानों के तेवर देखने लायक थे। विधायक वीरपाल राठी ने कहा मिल मालिक और प्रशासन ने किसानों को खूब बहकाया है। अब किसान उनके बहकावे में आने वाला नहीं है। उन्होंने कहा वे आमरण अनशन पर बैठेंगे। जब तक किसानों की समस्या का समाधान नहीं होगा वे यहां से नहीं उठेंगे।
पूर्व विधायक साहब सिंह ने कहा जिलाधिकारी किसानों को पागल समझ रहे हैं। अब किसान करो या मरो की नीति अपनाएगा। पूर्व विधायक अजय कुमार ने कहा बागपत जनपद में किसानों की अनदेखी की जा रही है। अब हमें एकजुट होकर इसका जवाब देना होगा। उन्होंने कहा सभी किसान एक मंच पर आए, तभी इसका हल होगा।
देस खाप चौधरी सुरेंद्र सिंह ने कहा किसान राजनीति से ऊपर उठकर आंदोलन को चलाए। जरा-जरा सी बातों को लेकर उत्तेजित न हो। गन्ना भुगतान न होने और खेतों में खड़े गन्ने को लेकर किसान परेशान हैं, लेकिन उनकी कोई नहीं सुन रहा है। अब किसानों का दर्द परमात्मा के हवाले है। देर रात तक अनिश्चितकालीन धरना जारी रहा। उन्होंने कहा जब तक किसानों की समस्या का हल नहीं होगा वे यहां से नहीं उठेंगे।
धरने की अध्यक्षता चौबीसा चौधरी सुभाष ने की। संचालन वेदपाल पंवार ने किया। धरने पर रालोद के जिलाध्यक्ष सुखबीर सिंह गठीना, रालोद नेता अश्वनी तोमर, सतेंद्र प्रमुख, राम कुमार चेयरमैन, विकास प्रधान, दीपक प्रधान, सुरेश मलिक, प्रमेंद्र तोमर, गन्ना विकास परिषद के चेयरमैन धर्मेंद्र तोमर, चौधरी अलबेल सिंह, इरफान मलिक, यशपाल सिंह, रणबीर सिंह, आदि रहे।
अस्थायी तौर पर अध्यक्ष बनाए
बड़ौत। पंचायत की अध्यक्षता कर रहे चौबीसा चौधरी सुभाष की मंगलवार की दोपहर के समय अचानक तबीयत खराब हो गई। इस कारण उन्हें धरने से जाना पड़ा। उनके स्थान पर अस्थायी तौर पर चौधरी अलबेल सिंह को अध्यक्ष बनाया।
धरने पर दो लोग भिड़े
बड़ौत। धरने के दौरान किसी बात को लेकर धरना स्थल पर फिर दो लोग भिड़ गए। चौधरी सुरेंद्र सिंह समेत अन्य लोगों ने समझा बुझाकर दोनों लोगों को शांत किया।
समझौता ही एक मात्र समाधान
बड़ौत। किसान मजदूर उत्थान समिति के अध्यक्ष मुनेश बरवाला ने कहा मलकपुर गन्ना भुगतान को लेकर चल रहे धरना और पंचायत से कुछ होने वाला नहीं है। उन्होंने बताया जिलाधिकारी ने गन्ना भुगतान कराने के लिए प्रस्ताव दिया है। उस प्रस्ताव में जो खामियां हैं वे वार्ता के द्वारा पूरी की जा सकती है। इस समस्या का मात्र एक समझौता है, न तो किसानों को भुगतान मिलेगा और न ही मिल चलेगा।
दूसरे दिन भाजपाइयों ने दिया किसानों को समर्थन
बागपत। छपरौली चेयरमैन संजीव खोखर के नेतृत्व में कलक्ट्रेट में मलकपुर क्षेत्र के किसानों ने गन्ना भुगतान और दूसरे मिलों को गन्ने का आवंटन को लेकर आमरण अनशन चल रहा है। दूसरे दिन मंगलवार को अनशन पर बैठे किसानों के बीच भाजपा जिलाध्यक्ष संजय खोखर कार्यकर्ताओं के साथ पहुंचे। पार्टी का समर्थन किसानों को दिया। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार का किसानों के दुख दर्द से कोई लेना देना नहीं है। मिल मालिकों से साठगांठ है।
जिला पंचायत सदस्य योगेश धामा ने कहा अधिकारियों की मिली भगत के चलते किसानों को परेशान किया जा रहा है। छपरौली चेयरमैन संजीव खोखर ने कहा क्षेत्र के किसानों की हालत बद से बदतर होती जा रही है। भूखों मरने की नौबत आ चुकी है। इसमें केपी मलिक, नरेंद्र, बलजोर, रामौतार, जयवीर सिंह, रामनिवास, चेतराम, श्याम सिंह, भगत सिंह, सतवीर राठी, भगत सिंह, बिट्टू खोखर, वीरेंद्र कुमार, जितेंद्र कुमार, राजवीर सिंह, प्रवीण कुमार, प्रमोद कुमार, मनीष शर्मा मौजूद रहे।