बागपत में प्रशासन की बगैर अनुमति के गौसपुर गांव में पंचायत करने पर बसपा विधायक लोकेश दीक्षित, जिला पंचायत सदस्य पद के पराजित प्रत्याशी फखरुद्दीन और निर्देश कुमार समेत 74 लोगों के विरुद्ध रिपोर्ट दर्ज की गई है। पुलिस ने इन लोगों पर धारा-144 के उल्लंघन करने का आरोप लगाया है। इनमें से 14 लोगों को नामजद किया गया है।
जिला पंचायत के पराजित प्रत्याशी फखरुद्दीन और निर्देश कुमार मतगणना में धांधली का आरोप लगाते हुए कलक्ट्रेट पर धरने पर बैठे हुए थे। आचार संहिता लागू होने पर उन्होंने प्रशासन से धरना चालू रखने की अनुमति मांगी थी। अनुमति नहीं मिलने के कारण धरना समाप्त कर दिया था।
उन्होंने प्रशासन से 9 नवंबर को कलक्ट्रेट में पंचायत करने की अनुमति मांगी। प्रशासन ने किसी भी दशा में पंचायत करने की अनुमति नहीं दी। बगैर अनुमति के गौसपुर गांव में सोमवार को बसपा विधायक लोकेश दीक्षित के नेतृत्व में पंचायत हुई। इसमें प्रशासन पर मतगणना में बेईमानी करने का आरोप लगाया गया था।
पुलिस ने गोपनीय स्तर से पंचायत की वीडियोग्राफी कराई। उसी के आधार पर पुलिस ने पंचायत में शामिल होने वालों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की। कार्यवाहक सिंघावली अहीर थाना प्रभारी रामवीर सिंह का कहना है कि गौसपुर गांव में धारा-144 का उल्लंघन करके पंचायत की गई है।
पंचायत में शामिल बसपा विधायक लोकेश दीक्षित, फखरुद्दीन, निर्देश कुमार, इकबाल, सुधीर पंडित, रामचरण, चीनू, मुकेश, मकसूद, अब्दुल कलाम, उमरदराज, आस मोहम्मद, मुस्तफा को नामजद करते हुए एवं 60 अन्य के खिलाफ धारा 188 के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है।