बागपत। शहर के पुराना कस्बा में शिकायत पर पुलिस ने मीट की दुकानों पर छापे मारी की। मानक के अनुरूप मीट नहीं बेचने पर पुलिस ने कई दुकानें बंद कराई। मीट विक्रेताओं ने पुलिस के खिलाफ हंगामा किया। इस दौरान पुलिस कर्मियों से नोकझोंक भी हुई। हंगामा बढ़ता देखकर पुलिस लौट गई। मीट विक्रेताओं ने पुलिस और अन्य कुछ लोगों पर रुपये मांगने का आरोप लगाया।
रविवार को सुबह के समय हिंदू महासंघ के कार्यकर्ताओं ने पुलिस को सूचना दी कि पुराना कस्बे में गलत तरीके से मीट बेचा जा रहा है। कोतवाली प्रभारी शिव प्रकाश सिंह पुलिस के साथ पहुंचे। पुलिस ने कहा नियम के अनुरूप मीट नहीं बेचा जा रहा है। कुछ दुकानों में फ्रीज बंद पड़े हैं। पुलिस ने मीट को उतारकर फ्रीज में रखवाया। मीट विक्रेताओं ने पुलिस कार्रवाई के विरोध में हंगामा शुरू कर दिया। पुलिस के खिलाफ नारेबाजी की।
उन्होंने कहा उनके पास मीट बेचने का लाइसेंस है। स्लाटर हाउस से मीट खरीद कर लाते हैं। इसकी उनके पास रसीद भी है, लेकिन पुलिस उन्हें परेशान कर रही है। उनका रोजगार बंद कराना चाहती है। आरोप लगाया कि कुछ लोग रुपये मांगते हैं। मीट विक्रेताओं ने अपनी दुकानें बंद कर पुलिस के खिलाफ प्रदर्शन किया। हंगामा बढ़ता देखकर पुलिस वापस चली गई। सीओ ओमपाल सिंह ने बताया शहर में मीट की 14 दुकानें पंजीकृत हैं। दुकानों पर फ्रीज में मीट रखना चाहिए, लेकिन ये लोग बाहर सड़क पर मीट लटका देते हैं। जो मानक के अनुरूप है। दुकानदारों की शिकायत की जांच होगी। इसमें वसीम, यूनुस, कालू, इकराम, इस्लाम, अहसान, शहजाद, नवाब, मुख्तियार, सलमान, हाजी यूनुस, शराफत, इरशाद, दिलशाद ने नाराजगी जाहिर की।