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सात लाख की रकम नहीं मिली, चार कर्मचारियों के खिलाफ मुकदमा

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छपरौली (बागपत)। थाना क्षेत्र के हेवा गांव के पास विद्युत कर्मचारियों से हुई सात लाख रुपये की लूट के मामले में शनिवार को नया मोड़ आ गया है। तुगाना बिजलीघर के एसडीओ ने लूट का आरोप लगाने वाले चारों कर्मचारियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया है। एसडीओ ने चारों कर्मचारियों पर एक राय होकर रुपये गबन करने का शक जताया। पुलिस ने चारों आरोपियों को हिरासत में ले लिया है। उनसे पूछताछ की जा रही है। आरोपियों को लेकर पुलिस ने कई जगह दबिश दी। रकम पुलिस बरामद नहीं कर सकी है।
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छपरौली थाना क्षेत्र के तुगाना बिजलीघर में तैनात टीजी-2 योगेश शुक्रवार को बिजली उपभोक्ताओं से बिलों की वसूली कर कंप्यूटर ऑपरेटर सद्दाम के साथ बाइक पर सवार होकर छपरौली लौट रहे थे। उनके साथ दूसरी बाइक पर लाइनमैन अजित व सचिन भी थे। जब वह रमाला-टांडा मार्ग से हेवा गांव की तरफ चले तो रास्ते में नहर के पास बाइक सवार पांच-छह बदमाशों ने तमंचों के बल पर उन्हें रोका। बदमाश कर्मचारी योगेश से सात लाख रुपये की नगदी लूट कर भाग गए। लूट के इस मामले में पुलिस माथा पच्ची करने में जुटी हुई है। शनिवार को तुगाना बिजलीघर के एसडीओ गोपाल ने छपरौली थाने में चारों कर्मचारियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया। उन्होंने चारों कर्मचारियों पर भी रुपये गबन करने का शक जाहिर किया। थानाध्यक्ष बचन सिंह सिरोही ने बताया कि चारों कर्मचारियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया गया है। हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। जल्दी ही खुलासा किया जाएगा। एसपी शैलेश कुमार पांडेय का कहना है कि पुलिस को महत्वपूर्ण जानकारियां मिली है। जल्द ही वारदात का खुलासा किया जाएगा।



एक कर्मचारी मास्टर माइंड, दिल्ली तक दबिश
छपरौली। पुलिस की अभी तक की जांच में पूरे प्रकरण में एक कर्मचारी की भूमिका संदिग्ध मिली है। छह अन्य लोगों के साथ मिलकर वारदात की साजिश रची गई। पुलिस आरोपियों को पकड़ने और रकम की बरामदगी के लिए दिल्ली भी दबिश देने गई, लेकिन सफलता हाथ नहीं लग सकी है। रकम नहीं मिलने के कारण पुलिस का खुलासा लटका हुआ है।
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नाकेबंदी के बीच सात लाख लेकर कैसे निकले
छपरौली। बिजली कर्मचारी से लूट की सूचना पर पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया । सीओ रमाला अनुज चौधरी फोर्स के साथ नाकाबंदी कर बदमाशों की तलाश की, लेकिन सफलता नहीं मिली। चुनाव की आचार संहिता लगी है। पुलिस हर जगह चेकिंग कर रही है। ऐसे में सवाल है कि बदमाश लूटी गई रकम को लेकर फरार हुए और पुलिस की चेकिंग में एक जगह भी नहीं पकड़े गए।

इनसेट
इसलिए कर्मचारी पर गहराया शक
छपरौली। वारदात के बाद मौके पर पहुंची पुलिस को देखकर एक विद्युत कर्मचारी कपड़े उतारकर दौड़ लगाकर रहे युवकों में शामिल हो गया और भागने की कोशिश की थी। शक होने पर पुलिस ने चारों कर्मचारियों को हिरासत में ले लिया था।
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