बागपत। महिला कल्याण विभाग में आउटसोर्स पर सहायक लेखाकार पद पर भर्ती कराने के नाम पर जिला बार संरक्षण अधिकारी पर एक लाख रुपये की रिश्वत मांगने का आरोप है। व्हाट्स एप कॉल पर आवेदनकर्ता से बातचीत की गई तो उसने दूसरे फोन से रिकॉर्डिंग करके डीएम से शिकायत कर दी। इस मामले में जांच शुरू करा दी गई है।
बड़ौत के आजाद नगर काॅलोनी में रहने वाले रवि ठाकुर ने डीएम को व्हाट्स एप कॉल पर हुई बातचीत की वीडियो रिकॉर्ड करके शिकायत भेजी है। उसने बताया कि उसने महिला कल्याण विभाग में आउटसोर्स की भर्ती में सहायक लेखाकार पद के लिए आवेदन किया था। साक्षात्कार की सूचना 25 जनवरी को ई-मेल के माध्यम से मिली थी। 10 जुलाई 2025 को साक्षात्कार के लिए बुलाया गया था। आरोप है कि चयन प्रक्रिया से पहले महिला कल्याण विभाग में संविदा पर कार्यरत बाल संरक्षण अधिकारी दीपांजलि ने एक लाख रुपये की रिश्वत मांगी। 50 हजार रुपये पहले व 50 हजार रुपये नौकरी लगने पर वेतन मिलने पर देने के लिए कहा गया। उसने रुपये ज्यादा होने की बात कही और केवल 50 हजार रुपये तक देने की बात कही गई। उसने अपने पिता की मृत्यु होने और परिवार की पूरी जिम्मेदारी उसी पर होने के बारे में भी बताया। अब उसे डर है कि रुपये नहीं देने के कारण चयन प्रक्रिया से बाहर किया जा सकता है। उसने डीएम से मामले में कार्रवाई की मांग की।
इस मामले की जांच कराई जा रही है। जांच के आधार पर कोई दोषी मिलता है तो उस पर कार्रवाई की जाएगी।
-अमरचंद वर्मा, जिला प्रोबेशन अधिकारी एवं एसडीएम
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मैंने किसी से कोई रिश्वत नहीं मांगी है। ऑडियो में मेरी आवाज नहीं है और एआई से यह सबकुछ किया गया है। मुझ पर लगाए गए आरोप गलत हैं।
-दीपांजलि, बाल संरक्षण अधिकारी