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कपाट बंद और पुलिस तैनात, शिवालयों से निराश लौटे श्रद्धालु

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बालैनी के पुरा महादेव मंदिर में जलाभिषेक के लिए पहुंचे श्रद्धालुओं को वापस भेजती महिला पुलिसकर् - फोटो : BAGHPAT
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बालैनी (बागपत)। कोरोना संक्रमण के कारण सावन के पहले सोमवार को शिवालयों में सुरक्षा की चाक चौबंद व्यवस्था रही। पुरा गांव के श्री परशुरामेश्वर महादेव मंदिर में जलाभिषेक के लिए पहुंचे श्रद्धालुओं को लौटा दिया गया। गुफा मंदिर समेत अन्य मंदिरों पर पुलिस तैनात रही। सीओ खेकड़ा दिलीप सिंह के नेतृत्व में पुलिस टीम ने गश्त की।
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सावन महीने के पहले सोमवार को पुरा गांव के श्री परशुरामेश्वर महादेव मंदिर के कपाट बंद रहे। मंदिर के मुख्य पुजारी जयभगवान शर्मा ने बताया कि मंदिर की बैरिकेडिंग की गई थी। सुबह बागपत, मेरठ और गाजियाबाद जिले के कुछेक श्रद्धालु पहुंचे, जिन्हें पुलिस ने समझा बुझाकर वापस भेज दिया। मंदिर कमेटी पहले ही कपाट बंद होने की घोषणा कर चुकी है। सीओ खेकड़ा दिलीप सिंह ने बताया कि मंदिर बंद रहा। मुख्य रास्ते पर पुलिस तैनात रही। दिल्ली-सहारनपुर हाईवे स्थित गुफा मंदिर पर भी पुलिस तैनात रही। आसपास के गांव से पहुंचे श्रद्धालुओं को लौटना पड़ा।
रटौल में बंद रहा शिव मंदिर
चांदीनगर। कोरोना वायरस के चलते रटौल गांव के शिव मंदिर को भी खोलने की अनुमति नहीं दी गई है। ऐसे में श्रद्धालुओं ने घर में रहकर ही भगवान शिव भोले की आराधना की। शिव मंदिर के पुजारी पंडित कुश प्रसाद शास्त्री ने बताया कि इस बार कोरोना महामारी के चलते मंदिर बंद किया गया है ।
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घरों में ही हुई भगवान भोलेनाथ की पूजा
बागपत/बड़ौत। सावन के पहले सोमवार को भगवान भोलेनाथ की घरों में ही पूजा अर्चना की गई। मंदिर बंद होने के कारण भक्तों ने घरों में ही अपने आराध्य देव का जलाभिषेक और रुद्राभिषेक किया। बागपत नगर में कुछ शिवालय खुले, जहां पर इक्का दुक्का श्रद्धालु पहुंचे। बड़ौत नगर के रेलवे स्टेशन परिसर स्थित श्रीदुर्गा मंदिर, पंचवटी मंदिर पर सन्नाटा पसरा रहा। कुछ भक्त यहां पूजा अर्चना करने पहुंचे तो पुलिसकर्मियों और मंदिर प्रशासन ने उन्हें लौटा दिया।
श्रद्धालु बोले, ऐसा पहले कभी नहीं हुआ
फोटो संख्या 17......
बड़ौत। श्रद्धालु दिव्या का कहना है कि इस बार सावन के प्रथम सोमवार को मंदिर जाकर भगवान भोलेनाथ की पूजा का सौभाग्य प्राप्त नहीं हुआ। घर में ही विधिविधान के साथ पूजा अर्चना की है। गरिमा का कहना है कि सावन के पहले सोमवार को शिवालय खाली रहे, ऐसा पहले कभी नहीं हुआ। मनका का कहना है कि कोरोना वायरस भक्त और भगवान के बीच में दीवार बनकर खड़ा हो गया है। शारंदा देवी का कहना है कि मंदिर नहीं जा सके, लेकिन घर में विधिविधान के साथ पूजा अर्चना की। भगवान भोलेनाथ का जलाभिषेक करके उपवास भी रखा।
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