बड़ौत। यूपी बोर्ड परीक्षा जून में कराए जाने की सुगबुगाहट से छात्रों ने खुशी जाहिर है। उनका कहना है कि बोर्ड परीक्षा करा दी जाए ताकि उनकी आगे की पढ़ाई में व्यवधान न हो सके। कोरोना संक्रमण कम होने पर ही परीक्षा कराई जाएंगी। इससे पहले संक्रमण के कारण यूपी बोर्ड परीक्षा तीन बार स्थगित की जा चुकी है। 20 मई को शिक्षा विभाग के अधिकारियों और मुख्यमंत्री की बैठक के बाद इस पर निर्णय आ सकता है। छात्रों की राय है कि इंटरमीडिएट की परीक्षा संपन्न कराकर, हाईस्कूल की परीक्षा में सीबीएसई की तर्ज पर मूल्यांकन किया जाए।
ये बोले छात्र
इंटरमीडिएट के छात्र रक्षित जैन ने बताया कि कोविड संक्रमण को ध्यान में रखते हुए परीक्षा होनी चाहिए। परीक्षा टलने से पढ़ाई में बाधा हो रही है। वहीं, कोचिंग सेंटर भी बंद हैं।
इंटरमीडिएट के छात्र मंयक जैन का कहना है कि बोर्ड परीक्षा जून में संपन्न होनी चाहिए। सभी को संक्रमण का डर है परंतु परीक्षा भी जरूरी है। यदि चुनाव समय से हो सकते हैं तो परीक्षा क्यों नहीं।
छात्र सुमित कुमार ने बताया कि कोरोना संक्रमण बढ़ रहा है परंतु परीक्षा भी जरूरी है। सामाजिक दूरी समेत कोविड गाइडलाइन को मानते हुए परीक्षा संपन्न करा देनी चाहिए। कहा कि जब से परीक्षा स्थगित हुई है। तब से पढ़ाई बेपटरी हो गई है। ऐसे में यदि परीक्षा का समय निर्धारित हो जाए तो पढ़ाई में फिर से मन लगने लगेगा।