सैड़भर गांव के रहने वाले कुलदीप बीएसएफ में जवान थे और अमृतसर में तैनात थे। शनिवार को कुलदीप छुट्टी पर घर वापस आ रहे थे। इसका पता चलने पर कुलदीप के दो दोस्त रिंकू निवासी सिंघावली अहीर और कुलदीप निवासी खिंदौड़ा कार लेकर सोनीपत चले गए।
शनिवार देर रात जवान को लेकर वापस लौटते समय वह डौला-अमीनगर सराय मार्ग पर पहुंचे तो कार के सामने अचानक नीलगाय आ गई। नीलगाय की टक्कर से कार अनियंत्रित होकर एक पेड़ से टकरा गई। कार में पीछे बैठे जवान कुलदीप के सिर में चोट लगने की वजह से मौके पर ही मौत हो गई। हादसे का पता चलने पर पुलिस और परिजन वहां पहुंचे।
पुलिस ने घायल रिंकू और कुलदीप का पिलाना सीएचसी में उपचार कराया, जहां दोनों की हालत गंभीर देखते हुए मेरठ रेफर कर दिया। पुलिस ने बीएसएफ जवान कुलदीप के शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। सिंघावली अहीर पुलिस का कहना है कि घायलों का उपचार कराया जा रहा है।
इंतजार करती रह गई दो बेटियां
बीएसएफ के जवान कुलदीप दो भाइयों में छोटे थे। उनके बड़े भाई की कई साल पहले मौत हो गई थी। परिवार में पत्नी और दो बेटियां हैं, जिनमें एक बेटी दो वर्ष और दूसरी बेटी चार वर्ष की है। शनिवार रात जवान के छुट्टी पर घर आने की सूचना पर बेटियां इंतजार करनी लगीं। मगर, घर पर उनकी हादसे में मौत होने की खबर ही पहुंची।