बागपत। खनन माफिया बाज नहीं आ रहे। सांकरौद से भगाए गए तो सिसाना पहुंच गए। सिसाना में पुलिस ने पांव उखाड़ दिए तो अब काठा में तंबू गाड़ दिया। यहां पहले जेसीबी से खुदाई कराकर रेत का ढेर लगा दिया गया। अब इसे ट्रक से भेजा जा रहा है। इसका पता चलने पर खनन विभाग की टीम ने छापा मारा। यहां लगे तंबू को टीम ने उखड़वा दिया है।
जिले में खनन का एक भी पट्टा स्वीकृत नहीं है, इसके बावजूद खनन माफिया यमुना खादर में जगह बदल-बदकर अवैध खनन कर रहे हैं। छपरौली के टांडा, बदरखा, बागपत के सिसाना, निवाड़ा, खेकड़ा के काठा, सांकरौद और सुभानपुर, बड़ौत के कोताना और जागोस में अवैध खनन किया जा रहा है। इन सभी जगहों पर खनन पकड़ा भी जा चुका है, इसके बावजूद खनन माफिया बाज नहीं आ रहे हैं।
शनिवार को सिसाना से खदेड़े गए थे। सोमवार को काठा में तंबू गाड़ दिया, जिसको छापा मारने पहुंची खनन विभाग की टीम ने उखड़वा दिया। यहां रेत का बड़ा ढेर भी लगा मिला। तंबू में एक व्यक्ति मौजूद था। उसने मालिक का नाम बताने से साफ इंकार कर दिया।
खनन विभाग के अधिकारी राज रंजन कुमार का कहना है कि इस बार वह पुलिस के बगैर की मौके पर पहुंचे, मौके पर रेत का स्टॉक मिला और एक व्यक्ति तंबू लगाकर रह रहा था, जिसने मालिक का नाम बताने से मना कर दिया।