बड़ौत (बागपत)।
महाराष्ट्र गणेश मंडल के तत्वावधान में चल रहे गणेश महोत्सव के पांचवें दिन गणेश जी की विश्ेाष पूजा अर्चना की और श्रद्धालुओं ने हल्दी और कुमकुम का तिलक लगाया।
इस अवसर पर गणेश जी जहां कार्यक्रम को सफल बनाने में सपना, स्वाति, शारदा, शांता, जयश्री, विद्या, सविता आदि का सहयोग रहा। पंडित पवन शास्त्री ने गणेश जी को सिद्धि के दाता बताया। वहीं वे सौभाग्य के दाता भी है। उन्होंनेे गणेश के आठ अवतार का वर्णन किया। इनमें वक्रतुंड, एकदंत, महोधर, लंबोधर, गजानना, विकट, विघ्न, धू भ्रवर्ण अर्थात जिनके एक दांत सूप के समान विशाल कान हाथी के समान, मुख और चार भुजाएं हैं। जिनके हाथों में यश और अंकुश धारण किए हैं, ऐसे सिद्धि विनायक देव का ध्यान करें और कलयुग से मुक्ति पाए। अंत में भजन और डांडिया नृत्य की प्रस्तुति की। गणेश जी का मोदक प्रसाद बांटा । इसमें आदेश गुप्ता, ताना जी, विजय, महेश, बाबूराम शर्मा, अरविंद, मारुति, प्रकाश, शाहजी, शिवाजी आदि रहे।