सभी सहकारी समितियां होगी डिजिटल: मनिंदर पाल
बागपत। मेरठ में 19 सितंबर को जिला सहकारी बैंक का शताब्दी समारोह मनाया जाएगा। जिसकी तैयारियों को लेकर जिला सहकारी बैंक लिमिटेड मेरठ के अध्यक्ष मनिंदर पाल सिंह ने विकास भवन सभागार में समितियों की और वात्सायन पैलेस में किसानों की बैठक ली। स्थापना से लेकर डिजिटलीकरण तक की जानकारी दी।
मनिंदर पाल सिंह ने बताया कि 19 सितंबर को मेरठ में जिला सहकारी बैंक का शताब्दी वर्ष समारोह मनाया जा रहा है। 19 सितंबर 1919 को समाज के कमजोर वर्गों के उत्थान के लिए जिला सहकारी बैंक ने मेरठ में कार्य करना शुरू किया था। तब से अब तक किसानों और गरीबों की सेवा में कार्यरत है। जीवन के 100वें वर्ष में प्रवेश कर रहे हैं। कार्यक्रम का उद्देश्य बैंक को ऊर्जावान और शक्तिशाली बनाना है। इसके लिए किसान, डॉक्टर और अधिवक्ताओं को भी निमंत्रण दिया गया है।
उन्होंने कहा कि जल्द ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के कैशलेस के सपने को साकार किया जाएगा। सभी सहकारी समितियों को डिजिटल कर दिया जाएगा। 40 प्रतिशत समितियां डिजिटल हो गई है। दोघट सहकारी समिति इसी तहत कार्य कर रही है। सहकारिता के क्षेत्र में क्रांति लाने वाला यह अभियान अनोखा साबित होगा। उन्होंने कहा कि शिकायते आती थीं कि किसानों ने निकलवाए दस हजार और खाते में चढ़े मिले 20 हजार। डिजिटलीकरण के बाद सिर्फ अंगूठा लगाने पर ही सारा खाता किसान के सामने खुल जाएगा। किसान और ग्राहकों को एक कार्ड भी मिलेगा जो डेबिट और क्रेडिट दोनों प्रकार का होगा। उन्होंने सभी से समारोह में पहुंचने का आह्वान किया। इस दौरान सीडीओ पीसी जायसवाल, वेदप्रकाश द्विवेदी, जिला सहकारी संघ के डायरेक्टर प्रवीण तोमर, मेरठ जिला सहकारी संघ के डायरेक्टर अंकुर सांगवान, अनिल मलिक, शरद मुदगल, नगेश शर्मा एडवोकेट, शक्ति सिंह एडवोकेट, गगन गौड एडवोकेट, योगेश प्रधान, राजीव प्रधान, अरविंद त्यागी, अंकित यादव, नरेंद्र राणा, कपिल आलंबयान, विनोद सैन मौजूद रहे।