परिवहन की खबर से संबंधित फोटो। बड़ौत के दिल्ली अड़डे पर बस के इंतजार में खड़े यात्री। संवाद
- फोटो : संवाद
बागपत, बड़ाैत। महाकुंभ में प्रयागराज के लिए डिपो से 80 बसें रवाना होने के बाद बृहस्पतिवार को यात्री स्टैंडों पर बसों का इंतजार करते नजर आए। बसें नहीं मिलने पर यात्रियों को डग्गामार वाहनों में सफर करने को मजबूर होना पड़ा।
रोडवेज डिपो के रिकाॅर्ड में निगम की 123 और 44 अनुबंधित बसें हैं। पिछले चार दिन में डिपो से 80 बसों को महाकुंभ रवाना किया गया है। इनके जाने से बड़ौत से दिल्ली, शामली, मुजफ्फरनगर, छपरौली, सहारनपुर, मेरठ समेत आठ रूटों पर बसों के टोटे से परिवहन व्यवस्था पर असर दिखाई दिया। बस स्टैंडों पर यात्री बसों का इंतजार करते नजर आए। घंटों तक भी बसें नहीं मिलीं तो यात्रियों को मजबूर होकर डग्गामार वाहनों में सफर करना पड़ा। जानकारी के अनुसार बसें करीब एक माह तक महाकुंभ में चलेगी,तब तक यात्रियों को परेशानी उठानी पड़ेगी।
- बसों की कमी के कारण शामली जाने के लिए घंटों तक बसों का इंतजार करना पड़ा। बस स्टैंड पर आई तो जरूर, लेकिन वह यात्रियों से खचाखच भरी हुई थी, जिसमें पैर रखने की भी जगह नहीं थी। - जितेन्द्र
बुढ़ाना जाने के लिए करीब एक घंटे तक बिजरौल मार्ग तिराहे पर बस का इंतजार किया। इसके बाद भी बस नहीं मिली, मजबूर होकर डग्गामार वाहन में दोगुना किराया देकर जाना पड़ा। - संजीव
- महाकुंभ में डिपो से बसें जाने के बाद मानते हैं कि रूटों पर बसों की कमी आई है। मगर यात्रियों को आवागमन में असुविधा नहीं होने देने का प्रयास किया जाएगा। - प्रमोद कुमार, बस संचालन प्रभारी बड़ौत डिपो