दोघट (बागपत)।
मौजिजाबाद नांगल गांव में कृष्णा नदी में प्रवाहित दूषित पानी को लेकर पंचायत का आयोजन किया। इसमें गांव के पास नदी में बनाई गई ठोकर को तोड़ने की मांग उठाई। निर्णय लिया कि इस संबंध में सोमवार को प्रतिनिधि डीएम से मिलेगा।
पंचायत में वक्ताओं ने कहा कि 2008 में प्रशासन ने वाटर लेवर ऊपर उठाने के लिए गांव के पास कृष्णा नदी में ठोकर बनवाई, लेकिन क्षेत्रवासियों को फायदा होने के बजाय नुकसान हो गया। नदी में प्रवाहित दूषित पानी भूजल में घुल गया। हैंडपंपों के मध्यम से लोगों तक पहुंचने लगा। ग्रामीण दूषित पानी पीकर बीमार हो गए। दो माह में गांव में 21 लोगों की कैंसर से मौत हो चुकी है और छह लोग अभी भी कैंसर से पीड़ित है। इस पानी को पीकर पशु भी बीमार है। नदी में बनाई गई ठोकर को तुड़वाया जाए। नदी में साफ पानी छोड़कर सफाई कराई जाए। पंचायत में निर्णय लिया कि इसको लेकर सोमवार को एक प्रतिनिधि मंडल डीएम बागपत से मिलेगा। अध्यक्षता मास्टर रमेश ने की। संचालन दीपक चौधरी ने किया। इसमें राजपाल शास्त्री, राजेंद्र चौधरी, रुपेंद्र मुखिया, डॉ. भीम, देवेंद्र, यशपाल, राहुल, सुभाष, मास्टर विष्णुदत्त, ओमपाल, इदरीश, राम कुमार, बिट्टू, अतल, विक्रम, मांगेराम, दिनेश आदि रहे।
विद्यार्थी पांच रुपये देंगे किराया
दोघट (बागपत)। निरपुड़ा गांव में ग्रामीणों की बैठक हुई। वक्ताओं ने कहा कि निरपुड़ा-भड़ल मार्ग पर चलने वाले वाहन चालकों ने किराया पांच रुपये से बढ़ाकर दस रुपये किया। पढ़ने वाले छात्र-छात्राएं दस रुपये किराया नहीं देंगे। निर्णय लिया कि विद्यार्थी पांच रुपये की किराया देंगे। बैठक में निश्चय राणा, नहार सिंह, बिजेंद्र राणा, हरदन सिंह, महेंद्र शर्मा, सोमपाल फौजी, राजकुमार, पप्पू उर्फ प्रताप, शाकिर, इमरान, नरेंद्र आदि रहे।