विरोध के बावजूद अवैध कब्जा हटवाया
बागपत। शिकोहपुर गांव में काफी विरोध के बावजूद सरकारी रास्ते और नाली को कब्जा मुक्त कराया गया। सरकारी कार्य में बाधा पहुंचाने वाले तीन किसानों को पुलिस ने हिरासत में ले लिया गया। पूर्व में भी टीम इसे कब्जा मुक्त करा चुकी थी। इसके बावजूद दोबारा से फसल की बुआई कर दी गई थी।
प्रशासन की ओर से श्रावास्ती माडल पर सरकारी जमीनों से कब्जा हटवाने के लिए अभियान की शुरूआत हो गई थी। एंटी भूमाफिया टीम ने शिकोहपुर गांव पहुंचकर सरकारी नाली और रास्ते से कब्जा हटवाने के लिए पहुंची। टीम के प्रभारी सुंदरलाल ने जमीन की पैमाइश शुरू की तो वहां मौजूद किसानों ने विरोध करना शुरू कर दिया। इसके बाद वहां पर विवाद हो गया। जमीन की पैमाइश नहीं करने दी गई। एसडीएम बागपत ज्वाइंट मजिस्ट्रेट अन्नपूर्णा गर्ग को इसकी जानकारी दी। इसके बाद वहां भारी पुलिस बल भेजा गया। विरोध कर रहे तीन लोगों को थाने में बैठा लिया गया। इसके बाद पुलिस प्रशासन की मौजूदगी में टीम ने जमीन को कब्जा मुक्त कराया। नाली और चकरोड में ट्रैक्टर चलवाकर रास्ता शुरू करा दिया गया।
बता दें कि यहां किसानों ने ज्वार, गन्ने की फसल की बुआई करते हुए कब्जा कर लिया था। इससे पूर्व 27 जनवरी को भी टीम ने इसी मार्ग पर कब्जा मुक्त कराया था। चेतावनी दी दोबारा कब्जा किया तो अब मुकदमा दर्ज करवा दिया जाएगा। क्षेत्रीय लेखपाल विनोद कुमार शर्मा ने बताया कि अभियान जारी रहेगा। गांव में अन्य सरकारी जमीनों को कब्जा मुक्त कराया जाएगा। खाद के गड्ढ़ों की जमीन पर भी कुछ किसानों ने अवैध कब्जा किया हुआ है। उसे जल्द कब्जा मुक्त कराया जाएगा। टीम में सुशील शर्मा, वीरेंद्र यादव, ओमपाल शर्मा, रवि कुमार मौजूद रहे।