संवाद न्यूज एजेंसी
बागपत। आंधी और बारिश के कारण बिजली गुल होने से जहां आम लोगों को परेशानी झेलनी पड़ रही हैं, वहीं सबसे ज्यादा ऊर्जा निगम के अधिकारियों व कर्मियों की चिंता बढ़ी रही। रविवार शाम से ही लाइनों को ठीक करने में 450 कर्मी लगे रहे। मगर, संसाधनों की कमी के कारण काफी परेशानी हुई। हालात यह रहे कि पेड़ काटने की मशीन भी गाजियाबाद से मंगवाई गई।
रविवार शाम को करीब छह बजे आंधी व बारिश शुरू हुई थी, जो आधा घंटे बाद बंद हो गई थी। मगर, इस मौसम में हुए बदलाव ने पूरे जिले की बत्ती गुल कर दी थी। बागपत शहर में बिजली कर्मी रविवार शाम को बारिश बंद होते ही लाइनों को ठीक करने में जुट गए। लाइनों पर टूटकर गिरे पेड़ों को काटकर हटाने के लिए केवल एक ही मशीन थी, जो खराब हो गई। इससे स्थिति बिगड़ती देखकर रात में गाजियाबाद से दूसरी मशीन मंगवाई गई। इसके बाद पेड़ों को लाइन से हटाने का काम शुरू किया गया। बागपत शहर के साथ ही अस्पताल की लाइन ठीक करने में विद्युत कर्मी पूरी रात लगे रहे। इसके बाद भी सोमवार की शाम तक 80 प्रतिशत शहर में आपूर्ति शुरू हो सकी। वह भी आंधी व बारिश दोबारा आने पर ठप हो गई। लाइनों को ठीक कर रहे कर्मियों के पास संसाधन तक पूरे नहीं थे, जिससे कुछ परेशानी भी हुई।
हाइड्रा ठेकेदार से मंगवाया, अर्थिंग रोड तक नहीं
ऊर्जा निगम के पास अपना हाइड्रा तक नहीं है। अधिकारियों ने ठेकेदार से हाइड्रा मंगवाकर लाइनों को ठीक कराने का कार्य शुरू कराया। इसके अलावा ऊर्जा निगम के पास सुरक्षा उपकरण तक नहीं है। कर्मियों के लिए अर्थिंग रोड नहीं है तो ग्लब्स भी नहीं है। जूते तक कर्मियों को नहीं दिए गए। केवल सेफ्टी बेल्ट है।
आंधी व बारिश के कारण काफी जगह खंभे टूट गए, जिनको ठीक करने में कर्मी रातभर लगे रहे। लाइनों को ठीक कराया जा रहा है और विद्युत आपूर्ति जल्द शुरू होगी। - अमर सिंह, एक्सईएन
पानी के लिए तरस गए लोग, हैंडपंप का लेना पड़ा सहारा
गांवों में विद्युत आपूर्ति ठप रहने के कारण सबसे ज्यादा समस्या पानी के लिए झेलनी पड़ी। सबमर्सिबल व ट्यूबवेल नहीं चलने से लोग पानी के लिए दिनभर जूझते रहे और गांवों में हैंडपंप का सहारा लेना पड़ा। हैंडपंप से पानी भरकर लोगों ने प्यास बुझाई। फैजपुर निनाना गांव के रोहित धनकड़, सुल्तानपुर हटाना के सचिन प्रधान आदि ने बताया कि लाइन ठीक करने के लिए कई बार अधिकारियों से बात की गई तो समस्या का समाधान नहीं हुआ। इस कारण समस्या झेलनी पड़ी और पानी के लिए भी जूझना पड़ा।
डीएम आवास व जिला अस्पताल की बत्ती गुल
आंधी व बारिश से बत्ती गुल होने से आमजन के साथजिला अस्पताल के मरीज भी परेशान रहे। डीएम व एसपी आवास, कचहरी, कलक्ट्रेट कॉलोनी की बत्ती भी गुल हो गई। रविवार रात को करीब सात घंटे तक बत्ती गुल रही। सोमवार शाम को दोबारा आंधी व बारिश से लाइन टूटने से बिजली आपूर्ति ठप हो गई।