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एटीएम कैशलेस, नगदी को जूझे लोग

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बड़ौत (बागपत)।
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नोट बंदी को दो साल से अधिक समय बीत गया, लेकिन करेंसी की किल्लत अभी भी बरकरार है। बैंक कर्मियों की हड़ताल और बैंकों में अवकाश होने से पिछले कई दिन से बैंक के शटर नहीं खुले। बैंकों मेें अवकाश होने से शहर के अधिकांश एटीएम बूथ कैश लेस रहे। इससे लोगों को नगदी के लिए भटकना पड़ा।
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आल इंडिया बैंक आफिसर्स कंर्सडेशन के आह्वान पर राष्ट्रीय कृत बैंक शाखाओं के शाखा प्रबंधक व अन्य अधिकारियों के हड़ताल पर होने से शुक्रवार को बैंक बंद रहे। शनिवार को महीने का चौथा शनिवार होने से बैंक बंद रहे। इसके अलावा रविवार साप्ताहिक अवकाश के चलते तीसरे दिन भी बैंकों में तालाबंदी होने से एटीएम नगदी का सहारा थे। मंगलवार को बडे़ दिन के चलते फिर बैंक बंद रहे। बुधवार को एक बार फिर बैंक कर्मियों की हड़ताल रहेगी। ऐसे में ग्राहकों को रुपये निकालने को लेकर भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। मंगलवार को शहर के अधिकांश एटीएम या तो बंद मिले या फिर उनमेें तकनीकी खराबी। इससे ग्राहकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। एटीएम धारक बैंक खातेदार विनीत मलिक, गौरव, सोनू, सचिन, मोहित आदि ने नियमित रूप से एटीएम मेें रुपये डालने की मांग की। ताकि ग्राहक परेशान न हो।
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