बागपत। चकबंदी प्रक्रिया से क्षुब्ध बामनौली के किसान और पूर्व सैनिक सूबेदार रोहताश की आत्महत्या की धमकी के बाद से प्रशासन में हड़कंप मच गया। सोमवार को दोनों पक्षों के साथ एडीएम लोकपाल सिंह ने अधिकारियों के साथ बैठक की। मंगलवार को अभिलेखों के अनुसार पैमाइश कराने का आश्वासन दिया ।
बामनौली और रंछाड़ गांव में चकबंदी प्रक्रिया ने किसानों का शोषण और उत्पीड़न किया है। अधिकारियों ने अभिलेखों के अनुसार कोई कार्रवाई नहीं की। एक किसान पहले ही आत्महत्या कर चुका है, इसके विरोध में जमकर बवाल हुआ था। पूर्व सैनिक रोहताश ने 28 फरवरी को आत्महत्या की चेतावनी दी । इससे प्रशासन में हड़कंप मचा है। सोमवार को एडीएम लोकपाल सिंह ने रोहताश और सोनबीर पक्ष के साथ एसडीएम बड़ौत अरविंद कुमार द्विवेदी, चकबंदी अधिकारी एसडीएम एके उपाध्याय के साथ वार्ता की। एडीएम ने बताया बामनौली की चकबंदी समस्या का समाधान कराया जाएगा। मंगलवार को दोनों एसडीएम के नेतृत्व में टीम पहुंचकर अभिलेख के आधार पर पैमाइश करेगी।