बिनौली (बागपत)। मेरठ के खिवाई गांव के श्रमिकों ने मजदूरी के रुपये दिलाने की मांग को लेकर संतनगर नर्सरी परिसर में शनिवार को धरना दिया। साथ ही उन्होंने एक वनकर्मी पर मजदूरी की रकम हड़पने का आरोप लगाया।
मेरठ के खिवाई गांव के रहने वाले ठेकेदार महताब ने बताया कि मार्च माह में वन विभाग के एक कर्मचारी ने उनसे मवी कलां गांव की वन्य भूमि पर पौधरोपण कराने के लिए गड्ढे खोदने के लिए संपर्क किया। उनसे 300 रुपये पर श्रमिक की मजदूरी तय की, उसने गांव के ही 20 श्रमिकों साथ को लेकर गड्ढे खोदने के कार्य पूर्ण कर दिया। सभी श्रमिकों की मजदूरी 70 हजार रुपये बनी। उक्त वनकर्मी ने उन्हें आश्वासन दिया कि मजदूरी के रुपये सभी श्रमिकों के बैंक खातों में आ जाएंगे। कार्य को हुए पांच माह बीत गए, लेकिन किसी भी श्रमिक के बैंक खाते में रुपये नहीं आए। परेशान श्रमिक बार-बार वन अधिकारियों के चक्कर काटते रहे तथा जिले के आला अधिकारियों से लेकर प्रदेश के मुख्यमंत्री को भी प्रार्थना पत्र दिए, लेकिन समस्या का कोई समाधान नहीं हुआ।
थक हार कर शनिवार को सभी श्रमिक संतनगर स्थित नर्सरी पर पहुंचे और अपनी मजदूरी के रुपये लेने के लिए धरना दिया। धरने के दौरान श्रमिकों ने एक वनकर्मी पर मजदूरी की रकम हड़पने का आरोप भी लगाया। उन्होंने कहा यदि जल्द ही समस्या का समाधान नहीं हुआ वे भूख हड़ताल शुरू करेंगे। इसमें ठेकेदार महताब, इस्तकार, रुतबहार, जुल्फकार, असलम, एजाज, रफीक, नौशाद, आजाद, गुल्लू, बबलू, शरीफ आदि शामिल थे। दूसरी तरफ वन क्षेेत्राधिकारी राजपाल ने कहा श्रमिकों को मजदूरी का भुगतान किया जा चुका है।