बागपत। सुन्हेड़ा गांव में तीन साल पूर्व सरकारी हैंडपंप पर पानी भरने को लेकर हुए संघर्ष के मामले में कोर्ट ने गुरुवार को फैसला सुनाया। कोर्ट ने साक्ष्य के अभाव में आरोपी 17 लोगों को दोषमुक्त कर दिया है।
अधिवक्ता मनोज कुमार चौधरी ने बताया कि सुन्हेड़ा में वर्ष 2013 में राजवीर और रमेश पक्ष में पानी भरने को लेकर विवाद हो गया था। उनके बीच जमकर लाठी-डंडे और धारदार हथियार चले थे। राजीव पक्ष ने खेकड़ा थाने में सूरजपाल, सुमित, रमेश, रोहित, रमेश, धर्मेंद्र समेत 10 लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई थी। दूसरे पक्ष के रमेश ने अमित, राजीव, कपिल, रमेश, मुनेश समेत सात लोगों पर हमला करने का आरोप लगाते हुए रिपोर्ट लिखाई थी। पुलिस ने कोर्ट में आरोप पत्र दाखिल कर दिया था। केस एडीजे (द्वितीय) समरपाल सिंह बालियान की कोर्ट में था। कोर्ट ने साक्ष्य के अभाव में सभी आरोपियों को दोषमुक्त कर दिया है।