बागपत। किसानों के खेतों से आधुनिक तरीके से खेतों की मिट्टी के नमूने लिए जा रहे है। जिनको ऑनलाइन ही कृषि विभाग द्वारा जारी एप के माध्यम से प्रयोगशाला भेजे जा रहे हैं। सोमवार कृषि विभाग ने जीपीएस के माध्यम से 127 नमूने लिए गए है। इनको ऑनलाइन ऑपलोड किया। जांच रिपोर्ट आने के बाद कृषकों को मृदा स्वास्थ्य कार्ड का वितरण किया जाएगा।
एडीओ कृषि महेश कुमार खोखर ने बताया कि खेत में पहुंचकर अक्षांस और देशांतर के माध्यम से खेतों की जांच की जा रही है। उन्होंने बताया कि सोमवार को जीपीएस के माध्यम से 127 नमूने लिए हैं। मिट्टी जांच के समय विनय कुमार, संदीप, प्रमोद, मदनपाल, ब्रहम सिंह, बिजेंद्र, अरुण, कृष्णपाल, सुखदेव, कालूराम, सुखबीर, सुरेशपाल, सौदान सिंह, ओम सिंह, इंद्रपाल किसान मौजूद रहे।
इसके अलावा बागपत के ब्राह्मण पुट्ठी गांव में कृषि विभाग सहायक विकास अधिकारी रामवीर पवार, ऋषिपाल, रवि कुमार, सोनू कुमार, रोहित कुमार, कुलदीप शर्मा की टीम ने मृदा की जांच की। इसमें पूर्व प्रधान नीरज पंडित, विद्याराम, ओमपाल, बालेश्वर दयाल, कृष्णपाल, ग्राम प्रधान राजीव भाटी मौजूद रहे।
पोषक तत्वों की मिली थी कमी
एडीओ कृषि महेश कुमार खोखर ने बताया कि छपरौली क्षेत्र में पूर्व में लिए गए नमूने की जो रिपोर्ट आई थी उसमें बहुत से पोषक तत्वों की कमी मिली थी। जिनमें जिंक फास्फोरस, सल्फर, नाइट्रोजन मध्यम मिला था। कैल्शियम, मैग्निशियम मध्यम थो, मैग्नीज, कोबाल्ट बहुत ही कम मात्रा में मिला था। संबंधित किसानों को पोषक तत्वों की पूर्ति के लिए जैविक खाद का इस्तेमाल करने और इसकी विधियां बताई गई है।