पत्नी की गला रेतकर हत्या किए जाने के मुकदमे में सुनवाई पूरी करते हुए अदालत ने बुधवार को आरोपी पति को आजीवन कारावास की सजा सुनाई। इसके साथ ही आरोपी पति पर 50 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है। यह फैसला अपर सत्र न्यायाधीश कोर्ट नंबर छह रामानंद ने सुनाया।
अभियोजन पक्ष के अनुसार सरायमीर थाना क्षेत्र के निवासी डॉ अब्दुल रज्जाक की पुत्री तरन्नुम अपने पति मुजीबुर्रहमान के साथ सरायमीर कस्बे के पठान टोला मोहल्ले में रहती थी। पति-पत्नी के बीच मामूली से विवाद को लेकर मुजीबुर्रहमान पुत्र हाजी जहीरुलहक ने 20 अप्रैल 2016 की शाम चार बजे अपनी पत्नी तरन्नुम पर चाकू से हमला करने के साथ ही गला रेत दिया। मौके पर ही तरन्नुम की मौत हो गई। पुलिस से जांच पूरी करने के बाद आरोपी पति के विरुद्ध चार्जशीट न्यायालय में प्रेषित किया। अभियोजन पक्ष की तरफ से सहायक शासकीय अधिवक्ता श्रीशकुमार चौहान ने अब्दुल रज्जाक, मोहम्मद साबिर, मोहिउद्दीन, अजीजुर्रहमान, डॉ एसके कुशवाहा, एसआई बांके बहादुर सिंह तथा इंस्पेक्टर अश्वनी पांडे को बतौर साक्षी न्यायालय में परीक्षित कराया। दोनों पक्षों की दलीलों को सुनने के बाद अदालत में आरोपी मुजीबुर्रहमान को आजीवन कारावास तथा पचास हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई।