आजमगढ़। जिले के परिषदीय शिक्षकों में कार्यरत फर्जी शिक्षकों पर शिकंजा कसता जा रहा है। फर्जीवाड़े की जांच कर रही एसटीएफ ने छह शिक्षकों के प्रमाण पत्रों पर संदेह जताया है। सचिव के निर्देश पर बीएसए द्वारा पहले ही एक शिक्षक की सेवा समाप्त कर एफआईआर दर्ज कर रिकवरी की नोटिस जारी कर दी गई है। वहीं अब पांच फर्जी शिक्षकों को नोटिस जारी कर जवाब मांगा गया है। समय से जवाब न मिलने पर पांच फर्जी शिक्षकों की सेवा समाप्त होगी। साथ ही उनके खिलाफ एफआईआर व रिकवरी की कार्रवाई भी की जाएगी।
एसटीएफ की जांच में 20 जिले 76 शिक्षक संदिग्ध पाए गए थे। जिसमें आजमगढ़ के छह शिक्षकों के नाम भी शामिल हैं। बीएसए ने इन शिक्षकों के सर्विस बुक में दर्ज पते पर नोटिस जारी की तो तीन शिक्षक गायब हो गए, वहीं तीन ने अपने दस्तावेज प्रस्तुत कर दिया है जिसका सत्यापन किया जा रहा है। एसटीएफ की जांच में आजमगढ़ के प्राथमिक विद्यालय केशवपुर बरातनी के सहायक अध्यापक वरुणेश कुमार, शशिभूषण उपाध्याय प्राथमिक विद्यालय पांडेय कुंडा, सुधा राय प्राथमिक विद्यालय तिलसरा-1, प्राथमिक विद्यालय इगाइलपुरवार्थी अरुण कुमार मिश्र, किरन प्राथमिक विद्यालय सेलहरा पट्टी व रिंकी सिंह प्राथमिक विद्यालय भिउरा की नियुक्ति संदिग्ध मिली। बीएसए की ओर से इन सभी शिक्षकों को नोटिस जारी किया गया है। यदि शिक्षक नोटिस का जवाब समय से नहीं दिए तो उनकी सेवा समाप्त कर दी जाएगी। साथ ही उनके खिलाफ एफआईआर व रिकवरी की कार्रवाई की जाएगी।
शिक्षक रिंकी के खिलाफ पहले ही दर्ज हो चुकी एफआईआर
अतरौलिया के प्राथमिक विद्यालय भिउरा पर भी रिंकी सिंह नाम की एक शिक्षिका दूसरे के नाम व पते पर तैनात थी। पोल खुलने पर इसकी शिकायत हुई तो बीएसए ने मामले की जांच कराई। जांच में दोषी पाए जाने के बाद शिक्षक रिंकी सिंह की सेवा समाप्त कर दी गई। इसके बाद उसके खिलाफ अतरौलिया थाने में एफआईआर दर्ज कराई गई और रिकवरी की नोटिस जारी की गई।
संदिग्ध शिक्षकों को नोटिस जारी की गई है। समय से जवाब नहीं मिला तो उनकी सेवा समाप्त कर उनके खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई जाएगी। साथ ही उनके खिलाफ रिकवरी की कार्रवाई की जाएगी।
अम्बरीष कुमार, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी आजमगढ़।