लाटघाट। घाघरा नदी का जलस्तर दो दिनों से घट रहा है, जिसके कारण नदी की कटान तेज हो गई है। इससे सगड़ी तहसील के सहबदिया और देवारा खास राजा गांवों में रहने वाले ग्रामीणों में दहशत का माहौल है। मंगलवार से बुधवार तक बदरहुआ नाले पर नदी का जलस्तर 69.46 मीटर से 17 सेंटीमीटर घटकर 69.29 मीटर और डिघिया नाले पर 68.68 मीटर से 16 सेंटीमीटर घटकर 68.52 मीटर दर्ज किया गया।
जलस्तर में कमी के साथ ही घाघरा नदी का प्रवाह अब रुख बदलने को आतुर दिख रहा है। सहबदिया गांव की करीब 3000 की आबादी पर कटान का खतरा मंडरा रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि यदि कटान इसी तरह जारी रही तो वह दिन दूर नहीं जब नदी का प्रवाह आबादी के करीब से शुरू हो जाएगा। सहबदिया और देवारा खास राजा गांव में कटान के कारण खेती योग्य जमीनें लगातार नदी में समा रही हैं, जिससे किसानों में भय और चिंता बढ़ गई है। स्थानीय लोगों का कहना है कि घाघरा नदी की कटान ने पहले भी कई गांवों को नुकसान पहुंचाया है। यदि समय रहते कटानरोधी कार्य नहीं किए गए तो सहबदिया और आसपास के गांवों का अस्तित्व खतरे में पड़ सकता है।
बाढ़ खंड के सहायक अभियंता अरविंद यादव ने बताया कि जलस्तर में कमी आ रही है। फिलहाल खतरे की कोई बात नहीं है।