कुरबानी का पर्व इद-उल-अजहा का पर्व मनाने की तैयारियां फूलपुर और ग्रामीण क्षेत्रों में पूरी कर ली गई है। पर्व 13 सितंबर को परंपरागत ढंग से मनाया जाएगा।मुस्लिम बाहुल्य इलाकों में बकरीद पर्व पर होने वाली कुरबानी के लिए अधिकतर लोगों ने बकरा आदि की खरीदारी कर ली है। पिछले वर्ष की तुलना में इस वर्ष बकरा काफी महंगा मिल रहा हैं। अधिकतर कुरबानी के लिए लोग बकरा ग्रामीण इलाकों से खरीदकर ला रहे हैं।
नगर के दो स्थानों सिनेमा रोड और उदपुर में बकरों की बाजार सजाई गई है। जहां पांच हजार से लेकर 12 हजार तक का बकरा बिक रहा है। बकरीद पर्व पर फूलपुर मिर्चामंडी स्थित ईदगाह पर नमाज अदा की जाएगी। ग्रामीण इलाकों में निर्धारित समय के अनुसार नमाज अदा की जाएगी।मौलाना सय्यद हुसैन हैदर के मुताबिक बकरीद में कुर्बानी सुन्नते इब्राहिम और उनके बेटे की याद दिलाती है, इस संकल्प का अहसास कराती है कि अगर दीन-ए-इस्लाम के लिए बड़ी से बड़ी कुर्बानी करनी पड़े तो वह पीछे नही हटेंगे। यही वजह है कि दुनिया भर के मुसलमान हर साल बकरीद के दिन जानवरों की कुरबानी करते हैं।