दुष्कर्म में दस साल की कैद, 50 हजार जुर्माना
आजमगढ़ में गठन के बाद पाक्सो कोर्ट का पहला फैसला
संवाद न्यूज एजेंसी
आजमगढ़। किशोरी से चाकू के बल पर दुष्कर्म करने के मामले में लगभग अदालत ने दोषी को दस साल कैद के अलावा 50 हजार जुर्माने की सजा सुनाई। जुर्माने की रकम पीड़ित किशोरी को देने का आदेश दिया। जिले में पाक्सो कोर्ट के गठन के बाद यह पहला फैसला आया है।
गंभीरपुर थाना क्षेत्र निवासी एक व्यक्ति ने 31 दिसंबर 2017 को पुलिस को तहरीर देकर इंदल (27) पर घर में घुस कर चाकू के बल पर किशोरी से दुष्कर्म करने का आरोप लगाया था। लेकिन पुलिस ने कार्रवाई करने के बजाय आरोपी का शांति भंग में चालान कर दिया था। मामला संज्ञान में आने पर एसपी ने 30 जनवरी 2018 को इंदल के विरुद्ध दुष्कर्म और पाक्सो एक्ट के तहत गंभीरपुर थाने में केस दर्ज कराया। घटना की जांच थाने के दरोगा हरेंद्र यादव को सौंपी गई। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ कोर्ट में आरोप पत्र दाखिल किया। गवाही के लिए पहला नोटिस 24 सितंबर 2019 को जारी किया गया तथा एक अक्तूबर को मामले की सुनवाई पाक्सो कोर्ट में शुरू हो गई। महज चार सुनवाई के दौरान पांच अक्तूबर को पीड़ित समेत आठ गवाहों को कोर्ट में पेश किया गया। शनिवार को कोर्ट ने आरोपी इंदल को दस साल कठोर कारावास और 50 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई। एसपी त्रिवेणी सिंह ने बताया कि जिले में पाक्सो एक्ट के तहत यह पहला फैसला है। इसमें पुलिस की सक्रिय पैरवी के चलते लगभग एक महीने में पीड़ित किशोरी को न्याय मिल गया।