आजमगढ़ उप्र माध्यमिक शिक्षक संघ के जिलामंत्री पंकज कुमार सिंह ने कहा कि शासन ने पांच मई से बोर्ड परीक्षा की कापियों के मूल्यांकन की तिथि निर्धारित की है। कोरोना के संक्रमण को देखते हुए एक तरफ तो लॉकडाउन को बढ़ा दिया गया है। दूसरी तरफ शिक्षकों, अधिकारियो और कर्मचारियों को मूल्यांकन केन्द्रों पर जाने के लिए बाध्य किया जा रहा है।
बहुत से परीक्षक ऐसे हैं जिन्हें मोटरसाइकिल चलाना नहीं आता है। आवागमन की सुविधा नहीं होने से वो मूल्यांकन केन्द्रों पर नहीं पहुंच पाएंगे। कापियों को जांचने के लिए परीक्षकों के घरों पर दे दिया जाए। इससे सोशल डिस्टेंसिंग का भी पालन होगा। जिलाध्यक्ष दिनेश प्रताप सिह और कार्यकारी अध्यक्ष डा. जयशंकर मिश्रा ने कहा कि मूल्यांकन कार्य में लगे परीक्षकों, अधिकारियों और कर्मचारियों को कोरोना योद्धा मानते हुए कम से कम 50-50 लाख का बीमा दिया जाए।