अंतरराज्यीय मोटरसाइकिल चोर गिरोह के 50 हजार रुपये के इनामी गैंग लीडर प्रमोद कुमार को कोतवाली पुलिस और एसटीएफ की संयुक्त टीम ने शुक्रवार शाम को लखनऊ के परिवर्तन चौक से गिरफ्तार कर लिया।
आरोपी गैंगस्टर एक्ट के मामले में वांछित चल रहा था। गिरोह के छह सदस्यों को पूर्व में गिरफ्तार कर चोरी की बाइक और उनके पार्ट्स बरामद किए जा चुके हैं।
शहर कोतवाल यादवेंद्र पांडेय ने बताया कि मुबारकपुर थाना क्षेत्र के पुसड़ा आईमा गांव निवासी प्रमोद कुमार अपने साथियों के साथ मिलकर आजमगढ़ और आसपास के क्षेत्रों में मोटरसाइकिल चोरी सहित अन्य आपराधिक घटनाओं को अंजाम देता था।
उसे गिरोह का गैंग लीडर बनाया गया था। पुलिस ने 10 दिसंबर 2024 को बागलखराव पुलिया के पास से मोनू चौहान, बब्लू चौहान, प्रमोद कुमार, मुनचुन चौहान, कमलेश चौहान और अंकित यादव को गिरफ्तार किया था।
उनके कब्जे से तीन मोटरसाइकिलें बरामद हुई थीं। तलाशी के दौरान बब्लू चौहान और प्रमोद कुमार के पास से एक-एक तमंचा और कारतूस भी बरामद हुआ था। पूछताछ में आरोपियों ने चोरी की मोटरसाइकिलों को करैली रोड स्थित सठियांव बाजार में एक गैरेज पर ले जाकर उनके पार्ट्स अलग-अलग करने की बात बताई थी।
इसके बाद पुलिस ने गैरेज से चार चोरी की मोटरसाइकिलें और कई पार्ट्स बरामद किए थे। कबाड़ी की दुकान से भी बाइक के चेसिस, इंजन, टंकी, शॉकर, चेन स्प्रोकेट और अन्य पार्ट्स बरामद हुए थे।
जांच में बरामद मोटरसाइकिलों के संबंध में आजमगढ़ के कोतवाली और मुबारकपुर थानों के अलावा दिल्ली के मुखर्जी नगर थाने में भी प्राथमिकी दर्ज होना पाया गया था।
उन्होंने बताया कि गिरोह के आर्थिक और भौतिक लाभ के लिए संगठित रूप से आपराधिक गतिविधियों में संलिप्त पाए जाने पर गैंगचार्ट तैयार कर गैंगस्टर एक्ट के तहत कार्रवाई की गई।
गैंगचार्ट को शुक्रवार को जिलाधिकारी की ओर से अनुमोदित किए जाने के बाद कोतवाली में प्राथमिकी दर्ज की गई थी। इस मामले में प्रमोद कुमार वांछित चल रहा था। उसकी गिरफ्तारी पर पुलिस अधीक्षक की ओर से 50 हजार रुपये का पुरस्कार घोषित किया गया था।