फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Azamgarh News: बिजली का निजीकरण गुलामी की ओर पहला कदम

विज्ञापन
विज्ञापन
आजमगढ़। बिजली के निजीकरण का विरोध कर रहे बिजली कर्मचारियों, विद्युत अभियंताओं और संविदा कर्मियों का विरोध जारी है। मंगलवार कर्मचारियों, अभियंताओं ने शाम चार बजे के बाद विद्युत कर्मचारी संयुक्त संघर्ष समिति के बैनर तले सिधारी हाइडिल कार्यालय के बाहर विरोध सभा किया।
विज्ञापन

सैयद मुनौव्वर अली ने कहा कि बिजली का निजीकरण गुलामी की ओर पहला कदम है। बिजली का निजीकरण हुआ तो यह सिर्फ सरकारी कर्मचारियों का मुद्दा नहीं रह जाएगा। यह किसान, मजदूर, छात्र, व्यापारियों का सबसे बड़ा संकट बन जाएगा। कहा कि निजीकरण ऊर्जा क्षेत्र की बिक्री नहीं, बल्कि आम नागरिकों की ऊर्जा, आर्थिक आजादी और प्रदेश के भविष्य की नीलामी होगी। प्रभु नारायण पांडेय प्रेमी ने कहा कि किसी भी कीमत पर निजीकरण नहीं होने दिया जाएगा। हम निर्णायक संघर्ष के लिए तैयार हैं। सरकार जनता के हित में प्रदेश के विकास की कुंजी ऊर्जा क्षेत्र को निजीकरण से बचाकर पुनः उत्तर प्रदेश राज्य विद्युत परिषद का गठन करे। उपेंद्र नाथ चौरसिया ने कहा कि पाॅवर कारपोरेशन प्रबंधन बिजली को पूँजीपतियों की जागीर बनाना चाहता है। निजीकरण के खिलाफ प्रदेश के विद्युत कर्मचारी, अभियंता शीघ्र ही एकजुट होकर एक बड़े आंदोलन का आगाज करेंगे। इस मौके पर इंजीनियर विक्रम वीर सिंह, धर्मू राम यादव, काशी नाथ गुप्ता, रोशन यादव, छेदी, अभिषेक श्रीवास्तव आदि मौजूद थे।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें