मेजवां (आजमगढ़)। त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव में सोमवार को छिटपुट घटनाओं के बीच फूलपुर तहसील क्षेत्र में मतदान शांतिपूर्ण रहा। गांव की सरकार बनाने के लिए लोगों ने खूब वोट बरसाए। फूलपुर के 89 ग्राम पंचायतों में हुए मतदान का प्रतिशत अच्छा रहा। महिलाओं, युवाओं के साथ बुजुर्गों ने भी बढ़चढ़ कर हिस्सा लिया। पूरे दिन सुरक्षा बल क्षेत्र में गश्त करते रहे।
मतदान के बाद देर रात तक मतपेटी जमा करने के लिए फूलपुर के फरहान कांवेंट स्कूल गेट पर भीड़ जुटी रही। कैफी आजमी के पैतृक गांव मेजवां के प्राथमिक स्कूल में मतदान आधा घंटा बिलंब से 7:30 पर शुरू हुआ। यहां पांच बजे के करीब फर्जी वोट डालने को लेकर प्रत्याशी एक दूसरे को आरोप प्रत्यारोप लगाने लगे। इस दौरान दोनों पक्षों के बीच कहा सुनी हो गई। पुलिस को सूचना मिलने पर काफी संख्या में मेजवां चौक पर कोतवाली प्रभारी सुशील दुबे पहुंच कर लोगो को खदेड़ने लगे तब जाकर लोग भागे इसे लेकर तनाव बना हुआ है। लेकिन स्थति नियंत्रण में है।
सुदनीपुर बूथ पर होमगार्ड धूप से बचने के लिये बूथ के अंदर आराम फरमाते मिले। फूलपुर टेऊंगा बूथ पर कई लोगों ने फर्जी आधार कार्ड पर मतदान करने का प्रयास किया इस ओर नोक झोंक भी हुई। सभी बूथों पर सुबह से लंबी कतारें लग गई। फूलपुर क्षेत्र में जिला पंचायत सदस्यों प्रधान पद सहित कई दिग्गजों की प्रतिष्ठा दांव पर है। यहां प्रधान पद के 647, बीडीसी 486, पंचायत सदस्य 224 चुनाव और क्षेत्र क्षेत्र पंचायत सदस्य 18 लोग मैदान में किस्मत आजमा रहे है। इस चुनाव में कई दिग्गजों की प्रतिष्ठा दांव पर लगी है। पंचायत चुनाव के लिए 297 बूथों पर कुल 1188 मतदान कर्मचारी लगाए गए थे।
चाय पान को भी तरसे लोग
फूलपुर। गांव की सरकार चुनने के लिए मतदान से नगर भी अछूता नहीं रहा। सोमवार को न दुकानें खुली और ना ही किसी तरह का आवागमन रहा। नगर की सड़कें और गलियां सूनी पड़ी थी। कस्बा के अधिकतर लोग अपने प्रिय प्8त्याशी को वोट डालने के लिए अपने -अपने गांव चले गए थे। सिर्फ रोडवेज पर छिटपुट दुकानें खुली रहीं। लोग चाय पान के लिए तरस गए।
- अंबुज राय