आजमगढ़। जनपद में पंचायत चुनाव को लेकर तैयारियां तेज हो चुकी हैं। सरकार की ओर से हाईकोर्ट के निर्देश पर नई आरक्षण नीति जारी की जा चुकी है। वहीं जिला प्रशासन की ओर से संवेदनशील, अतिसंवेदनशील और अति संवेदनशील प्लस बूथों का चिन्हीकरण कर लिया गया है। लेकिन नई आरक्षण नीति के बाद इनका निर्धारण फिर से किया जाएगा। जिसके कारण इनकी संख्या कम या ज्यादा हो सकती है।
पंचायत चुनाव को सकुशल संपन्न कराने के लिए प्रशासन की ओर से तैयारियों केे अंतिम रूप दिया जा रहा है। इसी क्रम में पिछली आरक्षण नीति के हिसाब से संवेदनशील, अति संवेदनशील और अति संवेदनशील प्लस बूथों के चिन्हीकरण का कार्य पूरा कर लिया गया है। जनपद में पंचायत चुनाव में मतदान के लिए कुल 2064 बूथ बनाए गए हैं। बूथों की संवेदनशीलता की जांच में प्रशासन द्वारा 446 बूथों को सामान्य की श्रेणी में रखा गया है। जबकि 603 बूथ संवंदनशील चिन्हित किए गए हैं। 808 बूथों को अति संवेदनशील बूथों की श्रेणी में रखा गया है। जबकि 207 बूथों को अति संवेदनशील प्लस की श्रेणी में रखा गया है। वहीं अगर ब्लाक वार आंकड़ों को देखें तो सबसे ज्यादा अति संवेदनशील प्लस बूथ बिलरियागंज और पल्हना ब्लाक में 12-12 हैं। जबकि अति संवेदनशील बूथ सबसे अधिक बिलरियागंज और मिर्जापुर ब्लाक में 58-58 हैं। वहीं संवेदन शील बूथों की स्थिति देखें तो सबसे अधिक 52 बूथ तहबरपुर विकास खंड में चिन्हित किए गए हैं।
पूर्व में हुए आरक्षण के आधार पर बूथों की संवेदशीलता का निर्धारण किया गया है। लेकिन नई आरक्षण नीति के बाद जब नया आरक्षण घोषित होगा उसके बाद इसमें परिवर्तन होगा। जिसके कारण इनकी संख्या घट और बढ़ सकती है।
राकेश कुमार सिंह, सहायक जिला निर्वाचन अधिकारी।