पूर्व विधायक सर्वेश सिंह सीपू की हत्या के
बाद आक्रोशित भीड़ द्वारा कोतवाली में तोड़फोड़ करने के बाबत दर्ज हुई
रिपोर्ट में पुलिस अब कार्रवाई करने में जुट गई है।
घटना के बाद तोड़फोड़
और आगजनी के बाबत तत्कालीन कोतवाल ने जिन 49 लोगों को नामजद किया था, पुलिस
ने उन्हें नोटिस जारी कर दिया है। सभी आरोपियों को अपना पक्ष रखने के लिए
बुलाया गया है। उनका पक्ष जानने के बाद पुलिस आगे की कार्रवाई सुनिश्चित
कराएगी।
नोटिस पाने के बाद जीयनपुर बाजार के लोगों में हड़कंप मचा है। बता
दें कि 19 जुलाई 2013 की सुबह करीब नौ बजे के करीब पूर्व विधायक सर्वेश
सिंह सीपू की बाइक सवार बदमाशों ने गोली मारकर हत्या कर दी थी। घटना के समय
वे अपने समर्थक भरत राय के साथ जीयनपुर कोतवाली से घर लौट रहे थे।
घटना से
गुस्साए लोगों ने जीयनपुर कोतवाली में घुसकर जमकर तोड़फोड़ की, साथ ही
परिसर में खड़ी बाइक और अन्य वाहनों में आग लगा दी थी। तत्कालीन कोतवाली
प्रभारी ने दर्ज मामले में आरोपित लोगों पर आरोप लगाया कि इन लोगों की ओर
से पुलिस पर फायरिंग भी की गई।
इस दौरान तत्कालीन पुलिस अधीक्षक अरविंद सेन
सहित आधा दर्जन से अधिक पुलिसकर्मी और अधिकारी घायल हुए थे। दर्ज मामले
में तत्कालीन प्रभारी निरीक्षक जीयनपुर कोतवाली विजय सिंह ने 49 लोगों को
नामजद तथा एक हजार से अधिक अज्ञात लोगों को आरोपित किया है।
आरोपित लोगों
का बयान दर्ज कराने के लिए कोतवाल जीयनपुर ने नोटिस जारी किया है। कोतवाल
छत्रजीत सिंह ने बताया कि नामजद आरोपियों को नोटिस भेजकर बयान दर्ज कराने
के लिए बुलाया गया है। बयान होने के बाद गिरफ्तारी की प्रक्रिया शुरू की
जाएगी।