अहरौला के फूलपुर में गैस के लिए खाली सिलिंडर की लगी लंबी लाइन। संवाद
अहरौला। लेदौरा स्थित इंडियन गैस एजेंसी पर हुई प्रशासनिक कार्रवाई के बाद अब उपभोक्ताओं के सामने बड़ा संकट खड़ा हो गया है। एजेंसी सीज होने के बाद उपभोक्ताओं को तहबरपुर गैस एजेंसी से अटैच तो कर दिया गया, लेकिन तकनीकी खामियों और समन्वय की कमी के कारण उन्हें सिलिंडर नही मिल पा रहा है।
वे न घर के रहे, न घाट के। बीते 27 मार्च को क्षेत्रीय पूर्ति निरीक्षक कृष्ण कुमार मिश्रा के नेतृत्व में एक टीम ने लेदौरा स्थित गैस एजेंसी पर छापा मारा था। जांच के दौरान स्टॉक में 614 गैस सिलेंडरों की कमी पाई गई, जिसे कालाबाजारी का मामला मानते हुए प्रशासन ने तत्काल प्रभाव से एजेंसी को सीज कर दिया था।
उपभोक्ताओं की सुविधा के लिए उनका कनेक्शन तहबरपुर स्थित गैस एजेंसी से संबद्ध (अटैच) कर दिया गया था। सरकारी आदेश के बावजूद लेदौरा एजेंसी के उपभोक्ताओं को राहत नहीं मिल पा रही है।
तहबरपुर एजेंसी पर उपभोक्ताओं की केवाईसी प्रक्रिया पूरी नहीं हो पा रही है। सिस्टम अपडेट न होने या अन्य तकनीकी कारणों से गैस सिलिंडर की बुकिंग नहीं हो रही है। परेशान उपभोक्ता कभी लेदौरा एजेंसी के बंद दफ्तर जा रहे हैं, तो कभी तहबरपुर एजेंसी की दौड़ लगा रहे हैं।
वहीं विभागीय अधिकारियों का कहना है कि व्यवस्था सुचारू की जा रही है। अधिकारियों के मुताबिक तहबरपुर एजेंसी से डिलीवरी वाहन संबंधित क्षेत्रों में भेजे जाएंगे, जो उपभोक्ताओं द्वारा बुक किए गए सिलिंडरों की आपूर्ति सुनिश्चित करेंगे। हालांकि, जब तक बुकिंग और केवाईसी की समस्या का समाधान नहीं होता, तब तक उपभोक्ताओं के घरों के चूल्हे जलने में अनिश्चितता बनी है। क्षेत्र के लोगों ने प्रशासन से जल्द से जल्द इस समस्या के स्थायी समाधान की मांग की है।